जासं, मैनपुरी : बाल विवाह के अलावा अन्य सामाजिक कुप्रथाओं के खिलाफ जागरूकता फैलाने के लिए अब बेटियों की ही मदद ली जाएगी। बाल कल्याण विभाग के बैनर तले आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं ने बाल विवाह की कड़वी सच्चाई को नाट्य मंचन के माध्यम से प्रस्तुत किया।

शहर के कुं. आरसी कन्या इंटर कॉलेज में बुधवार दोपहर जागरूकता कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बाल संरक्षण अधिकारी अलका मिश्रा ने कहा कि शिक्षा के माध्यम से ही कुप्रथाओं पर प्रहार किया जा सकता है। बाल विवाह सिर्फ अपराध ही नहीं बल्कि एक ऐसी कुप्रथा है जिसमें बेटियों के पूरे जीवन को धकेल दिया जाता है। सीओ सिटी अभय नारायण राय ने कहा कि बदलते समय के साथ कानून में भी कई बदलाव हुए हैं। महिलाओं की सुरक्षा को अब कानून है। बस, पीड़िताओं को साहस दिखाकर शिकायत करनी होगी। यदि कोई पीड़िता सामने नहीं आना चाहती है तो उसकी पहचान को गोपनीय रखते हुए उसे न्याय दिलाया जाएगा। मुख्य अग्निशमन अधिकारी मनु शर्मा ने कहा कि जागरूकता बेहद जरूरी है। इस काम में खुद बेटियों और महिलाओं को आगे आकर दूसरों का सहारा भी बनना होगा।

इससे पूर्व छात्राओं ने अलग-अलग नाटकों के माध्यम से प्रस्तुतियां देकर बाल विवाह और उसके बाद होने वाली मुश्किलों का सजीव चित्रण किया। प्रधानाचार्य प्रभा कुमारी, अभिलाषा शर्मा, रजनी कुशवाह, ज्योत्सना कठेरिया, कल्पना सिंह सहित बड़ी संख्या में छात्राएं मौजूद थीं।

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