महोबा: अवैध संबंधों में बाधा बने सास-ससुर की चाकू से गला काटकर की थी हत्या, बहू समेत 3 लोगों को आजीवन कारावास की सजा
महोबा में अवैध संबंधों का पता चलने पर बहू ने बहन के देवर और उसके मित्र के साथ मिलकर सास-ससुर की चाकू से गला रेतकर हत्या कर दी थी।

प्रतीकात्मक तस्वीर
HighLights
बहू ने अवैध संबंधों के चलते सास-ससुर की हत्या की।
घटना में बहू, बहन का देवर और मित्र शामिल थे।
न्यायालय ने तीनों दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
जागरण संवाददाता, महोबा। अवैध संबंधों के बारे में पता चलने पर बहू ने बहन के देवर व उसके मित्र के साथ मिलकर सास-ससुर की चाकू से गला रेतकर हत्या कर दी थी। घटना में फैसला सुनाते हुए न्यायालय अपर जिला सत्र न्यायाधीश, एफटीसी अपर्णा त्रिपाठी-द्वितीय ने फैसला सुनाते हुए दोषियों को आजीवन कारावास व 10-10 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
प्रभारी जिला शासकीय अधिवक्ता दिनेश सिंह ने बताया कि घटना 21 अगस्त 2020 की है। कस्बा श्रीनगर के मुहल्ला भैरोगंज निवासी 68 वर्षीय गंगाधर प्रजापति रेलवे में गैंगमैन पद से छह माह पहले सेवानिवृत्त हुए थे। वह पत्नी भुवन के साथ सो रहे थे। दूसरे कमरे में बेटा प्रेमचंद और बहू अनीता थी।
दो दिन पहले अनीता की बहन का देवर देवपाल निवासी ग्राम पहरा थाना जरिया हमीरपुर और उसका मित्र मोहित निवासी हिनौरा थाना लवकुशनगर छतरपुर मप्र घर आए थे। सभी खाना खाने के बाद सो गए थे। पुलिस जांच में सामने आया था कि अनीता के देवपाल से अवैध संबंध थे। देर रात दोनों को आपत्तिजनक हालत में गंगाधर ने देख लिया था।
उन्होंने यह बात पत्नी भुवन को बताई। इसी के चलते चाकू से गला रेतकर उनकी हत्या कर दी गई। मामले की सुनवाई करते हुए अपर जिला सत्र न्यायाधीश, एफटीसी अपर्णा त्रिपाठी-द्वितीय ने अपना फैसला सुनाया।
शासकीय अधिवक्ता दिनेश सिंह ने बताया कि तीनों दोषियों को आजीवन कारावास व 10-10 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई गई है। अधिवक्ता ने बताया कि सभी जमानत पर थे। सजा सुनाने के लिए उन्हें न्यायालय अभिरक्षा में पेश किया गया। इसके बाद जेल भेजा गया।
