लखनऊ [राज्य ब्यूरो]। उत्तर प्रदेश में जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए चुनाव आगामी तीन जुलाई को होंगे। मंगलवार को निर्वाचन कार्यक्रम जारी कर दिया गया है। आगामी 26 जून को नामांकन पत्र दाखिल किए जाएंगे। इसी दिन अपराह्न तीन बजे के बाद नामांकन पत्रों की जांच होगी। 29 जून को अपराह्न तीन बजे तक नाम वापस लिए जा सकेंगे। चुनाव की स्थिति आने पर तीन जुलाई को सुबह 11 से अपराह्न तीन बजे तक वोट डाले जाएंगे। वोटिंग के तुरंत मतगणना प्रारंभ करके चुनाव परिणाम घोषित किए जाएंगे।

जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए चुनाव कार्यक्रम जारी करते हुए राज्य निर्वाचन आयुक्त मनोज कुमार ने बताया कि जिन जिलों में न्यायालय द्वारा स्थगनादेश नहीं दिया गया है, उन सभी जिलों में अध्यक्ष पद का चुनाव होगा। सामान्य निर्वाचन के लिए अधिसूचना जारी कर दी गई है। निर्वाचन के मध्य पड़ने वाले सार्वजनिक अवकाश के दिनों में संबंधित कार्यालय खुले रहेंगे।

बता दें कि राज्य निर्वाचन आयोग ने राज्यपाल की अनुमति से जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए चुनाव की अधिसूचना सोमवार को ही जारी कर दी है। त्रिस्तरीय पंचायतों के चुनाव परिणाम गत पांच मई को घोषित होने के बाद से जिला पंचायत अध्यक्ष व क्षेत्र पंचायत अध्यक्ष के चुनाव का इंतजार हो रहा था। पहले जिला पंचायत अध्यक्ष पदों का चुनाव कराने के बाद ब्लाक प्रमुखों के चुनाव जुलाई में ही कराए जाने की संभावना है।

उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले जिला पंचायत अध्यक्ष का चुनाव काफी अहम हैं। यह चुनाव ग्रामीण राजनीति का रुख निर्धारित करने वाला माना जाता है। इसलिए सभी प्रमुख दल इसको गंभीरता से लेते हैं। ज्यादातर जिलों में सत्ताधारी दल भारतीय जनता पार्टी और समाजवादी पार्टी के बीच कड़ा मुकाबला होना तय है। कई जिलों में बहुजन समाज पार्टी भी अध्यक्ष पद की मुख्य दावेदार है। ज्यादातर जिलों में जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव में निर्दलीय जिला पंचायत सदस्यों की अहम भूमिका होगी, जिनकी जोड़तोड़ तेज हो गई है। 

Edited By: Umesh Tiwari