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यूपी की 2238 ग्रामीण बस्तियों में बनेंगी सड़कें, PWD ने मंजूर किया 2500 करोड़ का बजट

Published: Sat, 05 Sep 2026 07:02 PM (GMT+05:30)

उत्तर प्रदेश में इस वित्तीय वर्ष में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना और मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 2238 ग्रामीण बस्तियों को पक्के संपर्क मार्गों से जोड़ा जाएगा।

इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।

इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।

HighLights

  1. 2238 ग्रामीण बस्तियां पक्के संपर्क मार्गों से जुड़ेंगी।

  2. सीएमजीएसवाई के तहत 1864 बस्तियों को 2500 करोड़ से जोड़ा जाएगा।

  3. दो किमी तक के मार्ग सीमेंट-कंक्रीट से बनेंगे।

राज्य ब्यूरो, लखनऊ। ग्रामीण क्षेत्रों की 2238 छोटी आबादी वाली बस्तियां (बसावट) इसी वित्तीय वर्ष में पक्के संपर्क मार्गों से जोड़ दी जाएंगी। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) और मुख्य्मंत्री ग्राम सड़क योजना (सीएमजीएसवाई) के तहत इन बसावटों के कच्चे मार्गों को पक्का बनाया जाएगा।

लोक निर्माण विभाग ने सीएमजीएसवाई के तहत 250 से अधिक आबादी वाली 1864 बस्तियों को पक्के संपर्क मार्ग से जोड़ने की योजना को स्वीकृति दे दी है। वहीं पीएमजीएसवाई के तहत प्रदेश की 374 बसावटों को जोड़ने की कार्ययोजना भारत सरकार को भेजी गई है।

पीडब्ल्यूडी ने इस वित्तीय वर्ष के लिए सीएमजीएसवाई के तहत 250 से अधिक आबादी वाली 2006 ग्रामीण बस्तियों का चयन पक्के संपर्क मार्गों से जोड़ने के लिए किया था। इनमें से 1864 बस्तियां जहां पहले से कच्चे मार्ग हैं अथवा मार्ग निर्माण के लिए भूमि मिल गई है, वहां पक्की सड़कें बनाने का निर्णय विभाग ने लिया है। भूमि उपलब्ध होने पर शेष 142 बस्तियों को भी पक्के संपर्क मार्गों से जो़ड़ा जाएगा।

संपर्क मार्ग से जोड़ने की योजना में बदलाव

पीडब्ल्यूडी के विभागाध्यक्ष एके द्विवेदी के मुताबिक ग्रामीण बस्तियों को पक्के संपर्क मार्ग से जोड़ने की योजना में इस वर्ष बदलाव किया गया है। जो मार्ग दो किलोमीटर तक लंबाई के होंगे उन्हें सीमेंट-कंक्रीट (सीसी रोड) से बनाया जाएगा।

इससे अधिक लंबाई वाली सड़कें पहले की तरह डामर वाली बनाई जाएंगी। बिटुमिन (डामर) की बढ़ी कीमतों को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। इन संपर्क मार्गों के निर्माण पर लगभग 2500 करोड़ रुपये खर्च होंगे। मार्गों की चौड़ाई 3.75 मीटर होगी।

उत्तर प्रदेश ग्रामाीण सड़क विकास अभिकरण (यूपीआरआरडीए) से मिली जानकारी के मुताबिक पीएमजीएसवाई-फोर के तहत चालू वित्तीय वर्ष में पक्के संपर्क मार्गों से वंचित 374 ग्रामीण बस्तियों को पक्के संपर्क मार्ग से जोड़े जाने की कार्ययोजना भारत सरकार को भेजी गई है।

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आकांक्षी जिलों में 250 से अधिक की आबादी और अन्य जिलों में 500 से अधिक आबादी वाली ग्रामीण बस्तियों का चयन किया गया है। इनके निर्माण पर लगभग 500 करोड़ रुपये खर्च होंगे।पीएमजीएसवाई की सड़कें भी 3.75 मीटर चौड़ी होंगी। गौरतलब है कि प्रदेश में पीएमजीएसवाई के तहत 11,748 ग्रामीण बसावटों को पक्के संपर्क मार्गों से जोड़ा जा चुका है, इन मार्गों की कुल लंबाई 75,741 किलोमीटर है।