लखनऊ, जेएनएन। UPTET 2021: उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपीटीईटी) का प्रश्नपत्र फिर से आउट होने की खबर वायरल होने लगी है। रविवार को परीक्षा शुरू होने के बाद से ही कुछ प्रश्नपत्र उत्तरों के साथ इंटरनेट मीडिया पर सुबह से प्रसारित हो रहे हैं। हालांकि उत्तर प्रदेश परीक्षा नियामक प्राधिकारी (पीएनपी) सचिव अनिल भूषण चतुर्वेदी का कहना है कि यह सिर्फ अफवाह है। उन्होंने दावा किया है कि शुचितापूर्ण ढंग से यूपीटीईटी संपन्न कराने के लिए व्यापक प्रबंध किए गए हैं। वहीं, कई जिलों में परीक्षा केंद्रों में प्रवेश से अभ्यर्थियों को वंचित कर दिया गया है, जिसके कारण हंगामा हो गया।

यूपी टीईटी 2021 को लेकर एक बार फिर से हैरान करने वाला मामला सामने आ रहे हैं। सारे दावे और जतन के बाद भी रविवार को पहली पाली की परीक्षा शुरू होने के चंद मिनट बाद ही इंटरनेट मीडिया पर टीईटी का पेपर बता कर प्रश्नपत्र वायरल हुआ। पहली पाली की परीक्षा सुबह 10 बजे से शुरू हुई। 11 बजे इंटरनेट मीडिया पर हाथ से लिखा प्रश्न पत्र इंटरनेट मीडिया पर वायरल हुआ। चर्चाएं रहीं की यूपीटीईटी का ही प्रश्न पत्र है, पेपर सुबह 6 बजे से ही इंटरनेट मीडिया पर वायरल हो रहा है।

राजधानी लखनऊ के एक अभिभावक ने रविवार को परीक्षा शुरू होने के एक घंटे बाद दैनिक जागरण को फोन कर संपर्क किया। अभिभावक का कहना है कि इंटरनेट मीडिया पर यूपीटीईटी से संबंधित प्रश्नपत्र वायरल हो रहा है। उनका कहना था कि शासन द्वारा इस प्रकरण की बारीकी से जांच कराई जाए। प्रश्न पत्रों का वायरल प्रश्न पत्र से मिलान कराया जाए। अगर मामला सही पाया जाता है तो दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।

इस संबंध में उत्तर प्रदेश परीक्षा नियामक प्राधिकारी (पीएनपी) सचिव अनिल भूषण चतुर्वेदी ने बताया कि कुछ प्रश्नपत्र सुबह से वायरल हो रहे है। इस बात की जानकारी है, लेकिन वे पूरी तरह से फर्जी हैं। कुछ अराजक तत्व अफवाह फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। इनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इससे पहले कतिपय अराजकतत्वों द्वारा परीक्षा निरस्त किए जाने के प्रचार भी किया जा चुका है। पीएनपी सचिव ने का कि परीक्षा केंद्रों पर कोविड गाइडलाइन का पालन के साथ परीक्षा आयोजिक हो रही है। परीक्षार्थियों से कोविड गाइड का पूरी तरह पालन करया जा रहा है।

बता दें कि 28 नवंबर, 2021 को यह परीक्षा प्रश्नपत्र लीक हो जाने के कारण रद कर दी गई थी। अब रविवार को यह परीक्षा नकलविहीन संपन्न कराना शासन-प्रशासन के लिए चुनौतीपूर्ण है। दो पालियों में होने वाली इस परीक्षा में 21,65,179 अभ्यर्थियों को सम्मिलित होना है। इसके लिए प्रदेश भर में 2532 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इस बीच कुछ प्रश्नपत्र इंटरनेट मीडिया पर वायरल होने लगे, जिससे अफरातफरी मच गई।

पुराना प्रवेश पत्र लेकर पहुंचे अभ्यर्थी : उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा शुरू हो गई है। पहली पाली में प्राथमिक स्तर की परीक्षा हो रही है। कई जिलों में 28 नवंबर को रद हुई परीक्षा का प्रवेश पत्र लेकर अभ्यर्थी परीक्षा केंद्र पहुंच गए, जबकि सभी को नया जारी किया गया था। परीक्षा केंद्र में मिलान किए जाने पर यह मामले सामने आए। ऐसे अभार्थियों को परीक्षा देने से रोक दिया गया है। इन अभ्यर्थियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश जिला विद्यालय निरीक्षकों को उत्तर प्रदेश परीक्षा नियामक प्राधिकारी सचिव अनिल भूषण चतुर्वेदी ने दिए गए हैं। वायरल हुए प्रश्नपत्र को एजेंसी ने फेक बताया है। शासन भी केंद्रों पर नजर रखे हैं।

Edited By: Umesh Tiwari