लखनऊ, जेएनएन। यूपी 100 के स्थान पर पुलिस सेवा के लिए जल्द शुरू हो रहे 112 नंबर पर कॉल करने वाले बुजुर्ग नागरिकों की सहायता के लिए खास व्यवस्था होगी। पुलिसकर्मियों को वरिष्ठ नागरिकों से समय लेकर उनके घर जाकर रजिस्ट्रेशन करने का निर्देश दिया गया है। 112 के जरिये सामुदायिक पुलिसिंग की दिशा में भी कदम बढ़ाये जाएंगे।

डीजीपी ओपी सिंह व एडीजी यूपी 100 असीम अरुण ने सोमवार को इस सेवा को लेकर बैठक की। एडीजी ने बताया कि 2019 में यूपी 100 ने वरिष्ठ नागरिकों के 2,47,764 प्रकरणों में आपातकालीन सहायता प्रदान की गई। पिछले सालों की कॉल के विश्लेषण में पाया गया कि कई कालर बार-बार सहायता की मांग करते हैं। इससे लगता है कि उनके मामलों में कार्रवाई अपूर्ण रही। पुलिस ने इसके दृष्टिगत वरिष्ठ नागरिकों के पंजीकरण का फैसला लिया है। पंजीकरण में पुलिस उनके नाम, पते, नंबर व अन्य जानकारियां जुटाएगी। पंजीकरण खास सॉफ्टवेयर के जरिये होगा, ताकि 112 पर काल करने पर संबंधित बुजुर्ग के बारे में पूरी जानकारी पुलिस को अपने कंप्यूटर स्क्रीन पर नजर आए। संबंधित बुजुर्ग की शिकायत पर कार्रवाई के बाद उसे सिस्टम पर अपडेट भी किया जायेगा। थाना पुलिस भी वरिष्ठ नागरिकों से नियमित रूप से मिलकर उनकी समस्याओं का निराकरण कराएगी।

बता दें कि अब तक मुश्किल समय में 100 नंबर डायल करने पर पुलिस उपलब्ध होती थी, लेकिन अब यह सहायता 112 नंबर डायल करने पर मिलेगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 26 अक्टूबर को इसकी शुरुआत करेंगे। जब तक प्रदेश के नागरिक 112 नंबर के अभ्यस्त नहीं हो जाते, तब तक 100 नंबर डायल करने पर भी यह सहूलियत मिलती रहेगी। डीजीपी ओपी सिंह ने सभी एसएसपी, एसपी को पत्र भेजकर इस बदलाव की जानकारी दी है।

Posted By: Umesh Tiwari

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