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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 04, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

UP Election 2022: सपा गठबंधन के प्रत्याशी मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास के खिलाफ मऊ में केस दर्ज, भड़काऊ भाषण का मामला

By Dharmendra PandeyEdited By:
Published: Fri, 04 Mar 2022 11:06 AM (IST)Updated: Fri, 04 Mar 2022 01:28 PM (IST)

UP Vidhan Sabha Election 2022 एडीजी कानून और व्यवस्था प्रशांत कुमार ने एक वीडियो के मामले में जांच का आदेश ...और पढ़ें

UP Vidhan Sabha Election 2022: अब्बास अंसारी के खिलाफ केस दर्ज
UP Vidhan Sabha Election 2022: अब्बास अंसारी के खिलाफ केस दर्ज

लखनऊ, जेएनएन। उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव में सात मार्च को होने वाले सातवें चरण के मतदान से पहले बाहुबली मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी भड़काऊ भाषण देने के मामले में फंस गए हैं। बांदा जेल में बंद मुख्तार अंसारी के बेटे को मऊ से ओम प्रकाश राजभर की पार्टी सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी ने मैदान में उतारा है। अब अब्बास अंसारी के खिलाफ केस दर्ज करने के साथ पुलिस वीडियो की जांच भी कर रही है। मऊ में शुक्रवार को ही समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव की अब्बास अंसारी के समर्थन में जनसभा भी होनी है।

उत्तर प्रदेश पुलिस के अपर महानिदेशक कानून और व्यवस्था प्रशांत कुमार ने मऊ में एक सभा के दौरान अब्बास अंसारी के भड़काऊ भाषण के एक वीडियो के मामले में जांच का आदेश दिया है। इस वीडियो में मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी ने एक सार्वजनिक रैली में कथित तौर पर एक विवादास्पद बयान दिया था। प्रशांत कुमार ने कहा कि मऊ पुलिस को वीडियो की जांच करने और कार्रवाई करने का आदेश दिया। अब्बास अंसारी मऊ सदर से सपा गठबंधन के उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं। मऊ पुलिस ने एडीजी के निर्देश पर एक सार्वजनिक रैली में अपने विवादास्पद बयान को लेकर सपा गठबंधन के उम्मीदवार के रूप में लड़ रहे अब्बास अंसारी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। इस संबंध में रिटर्निंग अफसर को एक रिपोर्ट भी दे दी गई है।

मऊ के एसपी सुशील घुले ने बताया कि गुरुवार को अब्बास अंसारी का एक वीडियो वायरल हुआ है। इस वीडियो के आधार पर नगर कोतवाली में आचार संहिता उल्लंघन व भड़काऊ भाषण देने का मुकदमा पंजीकृत कर रिपोर्ट रिटर्निंग आफिसर सदर को प्रेषित कर दी गई है।

मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी ने गुरुवार को भड़काऊ भाषण दिया। इसा वीडियो वायरल होने के बाद प्रशासन हरकत में आया। प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए नगर कोतवाली में आचार संहिता उल्लंघन के तहत 171 च व 506 आइपीसी के अंतर्गत मुकदमा पंजीकृत किया गया है। इस वीडियो में मुख्तार अंसारी के बेटे अब्बास अंसारी ने गुरुवार को नगर क्षेत्र में एक सार्वजनिक रैली में कथित तौर पर विवादास्पद बयान दिया। इस वीडियो में अब्बास अंसारी ने उपस्थित जनसमूह से कहा कि मैंने आगामी मुख्यमंत्री अखिलेश भैया से कहा है कि छह माह तक किसी की भी ट्रांसफर-पोस्टिंग नहीं होगी। सबको सूद समेत वापस लौटऊंगा, जो आज डंडा चला रहे हैं। जो है वह यही रहेगा. जिस जिसके साथ जो-जो किया है। उसका हिसाब-किताब यहां देना पड़ेगा। सपा सरकार बनने पर अधिकारियों से अच्छी तरह से निपटा जाएगा। जो यहां है, वह यही रहेगा, पहले हिसाब-किताब होगा। मेरी शराफत को मेरी कमजोरी मत समझो, ये मैं उनको पैगाम दे रहा हूं, अगर आज चुप बैठा हूं, दो कदम पीछे हटा हूं, जिस दिन फर्लांग लगाउंगा न, उस दिन एहसास हो जाएगा। ऐसे भड़काऊ भाषण के माध्यम से अब्बास अंसारी तालियों बटोरते दिख रहे हैं। गुरुवार की देर रात से यह वीडियो खूब वायरल हुआ।

इसका संज्ञान लेते हुए प्रशासन ने कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है। मालूम हो कि मऊ सदर सीट से पांच बार विधायक रहे मुख्तार अंसारी की जगह इस बार उनके बड़े बेटे अब्बास अंसारी सुभासपा के बैनर तले मैदान में हैं। अब्बास अंसारी 2017 के बाद फिर से विधानसभा चुनाव के मैदान में हैं। अब्बास अंसारी ने 2017 का विधानसभा चुनाव बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर मऊ जिले की ही घोसी विधानसभा सीट से लड़ा था। इस बार अपने पिता की परंपरागत सीट से वह विधानसभा पहुंचने व पिता की विरासत को बचाने के लिए भड़काऊ भाषणों से लोगों को प्रभावित करने की फिराक में है।

मऊ से पांच बार विधायक रहे मुख्तार अंसारी की जगह पर इस बार उनके बड़े बेटे अब्बास अंसारी मैदान में हैं।अब्बास अंसारी गैंगस्टर से नेता बने मुख्तार अंसारी के बेटे हैं और 2017 के बाद फिर से विधानसभा चुनाव के मैदान में हैं। अब्बास अंसारी ने 2017 का विधानसभा चुनाव बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर मऊ जिले की ही घोसी विधानसभा सीट से लड़ा था। तब अब्बास अंसारी को भारतीय जनता पार्टी के फागू चौहान से मात खानी पड़ी थी। अब्बास अंसारी अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज भी है। मुस्लिम बहुल इस सीट पर इस बार भाजपा के जुझारू प्रत्याशी अशोक सिंह मुख्तार के बेटे अब्बास को कड़ी चुनौती देते दिख रहे हैं। बसपा के भीम राजभर भी ताकत दिखाने की कोशिश में जुटे हुए हैं। मऊ सदर सीट पर आखिरी चरण में 7 मार्च को मतदान होना है। इसलिए चुनाव प्रचार के आखिरी दिनों में सभी प्रत्याशियों ने पूरी ताकत झोंक दी है।