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यूपी में बाढ़ से निपटने के लिए स्थानीय नाविकों-तैराकों को दी जाएगी ट्रेनिंग, गांव-गांव जाएंगे अधिकारी

Published: Tue, 14 Jul 2026 08:43 AM (IST)

उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव एसपी गोयल ने 44 बाढ़ प्रभावित जिलों के डीएम को निर्देश दिए हैं कि अधिकारी ...और पढ़ें

यूपी में बाढ़ से निपटने के लिए नाविकों-तैराकों को दी जाएगी ट्रेनिंग।

यूपी में बाढ़ से निपटने के लिए नाविकों-तैराकों को दी जाएगी ट्रेनिंग।

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राज्य ब्यूरो, लखनऊ। अधिकारी गांव-गांव जाकर नागरिकों को बाढ़ और आपदा से समय बचाव के तौर-तरीके सिखायेंगे। ग्रामीण नाविकों, कुशल तैराकों को प्रशिक्षित किया जाए। एसडीआरएफ एवं एनडीआरएफ के संसाधनों का उपयोग सिखाया जाए, ताकि आपदा के समय प्रशिक्षित मानव संसाधन की कमी न हो।

सोमवार को मुख्य सचिव एसपी गोयल ने पूर्व के वर्षों बाढ़ प्रभावित रहे 44 जिलों के डीएम के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग यह निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि संभावित बाढ़ से प्रभावित जिलों में राहत शिविरों की गुणवत्ता में कोई कमी नहीं होनी चाहिये। इसमें आधुनिक तकनीक का उपयोग किया जाए।

गोयल ने कहा कि एसडीआरएफ एवं एनडीआरएफ के संसाधनों का स्थानीय नाविकों एवं प्रशिक्षित तैराकों को जानकारी देकर उनका प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए। जर्जर सरकारी भवनों की पहचान कर समय से उसे ठीक करा लिया जाए। बाढ़ प्रबंधन से संबंधित टेंडरों की प्रक्रिया पूर्ण करने पर भी बल दिया।

राहत शिविरों में भोजन, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाएं, स्वच्छता, विद्युत, महिलाओं एवं बच्चों के लिए आवश्यक मूलभूत व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जाएं। प्रभावित नागरिकों की गरिमा और सम्मान का विशेष ध्यान रखा जाए। संवेदनशील क्षेत्र में माडल फ्लड शेल्टर विकसित करने के निर्देश भी दिए गए।

अर्ली वार्निंग सिस्टम के आधार पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने, मीडिया को समय-समय पर प्रमाणिक एवं अद्यतन जानकारी नियमित उपलब्ध करायें। जलमग्न गांवों में स्वयंसेवकों की सक्रिय तैनाती सुनिश्चित करने तथा जनप्रतिनिधियों को क्षेत्रीय स्थिति से अवगत कराने के निर्देश दिए।

शहरी क्षेत्रों में जलभराव एवं बाढ़ की चुनौती से विशेष रणनीति तैयार करने पर बल दिया। जिलाधिकारियों को आधुनिक प्लानिंग टूल्स की विस्तृत जानकारी दी गई।

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