v>लखनऊ (जेएनएन)। मेडिकल कालेजों में शिक्षकों की कमी को पूरा करने के लिए सरकार सेवानिवृति आयु सीमा 65 से बढ़ाकर 70 वर्ष करने पर विचार कर रही है। शिक्षकों के लिए प्रोत्साहन राशि भी दी जाएगी। सेवा नियमावली को भी एमसीआइ के नए मानक के मुताबिक बदला जाएगा। यह जानकारी मंगलवार को विधान सभा में प्रश्नकाल के दौरान चिकित्सा शिक्षामंत्री आशुतोष टंडन ने दी। उल्लेखनीय है कि प्रदेश के चिकित्सा कालेजों में प्रोफेसर के 137, एसोसिएट प्रोफेसर के 205 और प्रवक्ता- सहायक प्रोफेसर के 240 पद रिक्त हैं। 

313 शिक्षकों की संविदा तैनाती 
बसपा के लालजी वर्मा के प्रश्न पर मंत्री ने बताया कि मेडिकल कालेजों में शिक्षकों की कमी को लेकर सरकार बेहद गंभीर है। सरकार 313 शिक्षकों की तैनाती नए नियमों अथवा संविदा के आधार पर कर चुकी है। मंत्री ने स्वीकार किया कि नियुक्त होने के बाद भी 113 चिकित्सा शिक्षकों ने ज्वाइन नहीं किया। उन्होंने बताया कि 2019 तक प्रदेश में 13 नए मेडिकल कालेज स्थापित हो जाएंगे। दावा किया कि शिक्षकों की कमी पूरी करने के लिए नियमों में बदलाव के साथ अन्य राज्यों से भी भरपाई करने का प्रयास किया जाएगा। सपा के संजय गर्ग ने सहारनपुर के मेडिकल कालेज में स्टाफ की कमी का मुद्दा उठाया जिस पर मंत्री टंडन ने यथासंभव पूर्ति का आश्वासन दिया।
 
विद्यालय मरम्मत राशि में बढ़ोतरी से इन्कार
कांग्रेस की अदिति सिंह के प्रश्न पर बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री अनुपमा जायसवाल ने सर्वशिक्षा अभियान के तहत प्राथमिक और उच्चतर प्राथमिक विद्यालयों को रंगाई पुताई व रखरखाव के लिए प्रदान की जाने वाली 7500 रुपये की धनराशि में वृद्धि से इन्कार किया। उनका कहना था कि भारत सरकार द्वारा धनराशि निर्धारित की गयी है, जिसमें तुरंत बदलाव संभव नहीं है।
 
विद्यालयों में संसाधनों की तंगी पर नाराजगी
विपक्ष ने विद्यालयों में संसाधनों की किल्लत को लेकर भी नाराजगी जताई। बसपा के असलम चौधरी धौलाना क्षेत्र में मसूरी व बझेड़ा गांव में कन्या विद्यालय न होने और सपा के रफीक अंसारी ने मेरठ में नवनिर्मित राजकीय कन्या इंटर कालेज में दो हजार से ज्यादा छात्राएं होने के बाद भी वहां फर्नीचर नहीं होने की समस्या उठाई। कांग्रेस के अजय कुमार लल्लू ने 17 लाख छात्रों को छात्रवृत्ति न मिलने के मुद्दे को उठाया तो बसपा के सुखदेव राजभर ने छात्रवृत्ति योजना शुरू करने की मांग की।
 

By Nawal Mishra