लखनऊ, जेएनएन। राजधानी की निजी पैथोलॉजी में डेंगू के नाम पर खेल चल रहा है। यहां नर्सिंग होम से साठगांठ कर इलाज के नाम पर धंधा किया जा रहा है। ऐसे ही एक मरीज को निजी केंद्र पर डेंगू बताया गया। वहीं सरकारी अस्पताल की जांच रिपोर्ट में टायफाइड की पुष्टि हुई है। मामले की शिकायत सीएमओ से की गई है।

मडिय़ांव के नौबस्ता निवासी शहनवाज अहमद (19) को तेज बुखार था। परिवारजन मरीज को लेकर निजी अस्पताल गए। डॉक्टर ने शहनवाज के खून की जांच लिखी। ऐसे में पांच नवंबर को रिवर बैंक कॉलोनी स्थित निजी पैथोलॉजी पर ब्लड सैंपल भेजा गया। यहां रिपोर्ट में डेंगू की पुष्टि का दावा किया गया। डेंगू सुनकर परिवारजन घबरा गए। वहीं इलाज का पैसा अधिक खर्च होने पर मरीज शहनवाज को बलरामपुर अस्पताल की इमरजेंसी में भर्ती करा दिया।

वहीं इमरजेंसी में तैनात डॉक्टरों ने शहनवाज की ब्लड जांच रिपीट कराई। इसमें टायफाइड की पुष्टि हुई। परिवारजन रईस ने मामले की शिकायत सीएमओ से की है। आरोप लगाया कि गलत रिपोर्ट से मरीज में इलाज भी गलत शुरू हो गया है। ऐसे में पैथोलॉजी पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। ब्लड की जांच के पैथोलॉजी में करीब 1600 रुपये वसूले गए।

सीएमओ डॉ. नरेंद्र अग्रवाल ने कहा क‍ि निजी पैथोलॉजी में गलत रिपोर्ट देने की शिकायत मिली है। किस आधार पर मरीज में डेंगू की पुष्टि की, इसकी जांच की जाएगी। साथ ही सख्त कार्रवाई भी की जाएगी।

Posted By: Anurag Gupta

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस