गोंडा, (रमन मिश्र)। अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के साथ ही गोंडा के दिन भी बहुरने वाले हैं। यहां भी पर्यटन की दृष्टि से विकास को लेकर कार्ययोजना बनाई जा रही है। सरयू नदी के तट पर जिले की सीमा में 15 किलोमीटर की लंबाई में रिवर फ्रंट बनाने के साथ ही इसे पिकनिक स्पॉट के रूप में विकसित किया जाएगा। पर्यटकों को लुभाने के लिए विभिन्न सुविधाओं से लैस गेस्ट हाउस के साथ ही अन्य निर्माण कराए जाएंगे। राजस्व विभाग ने जमीन हस्तांतरण को लेकर कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए गोंडा की सीमा में सरयू नदी के तट पर सर्वे पूरा हो गया है।

मोटरबैट से करेंगे सैर, बनेगा प्रवेश द्वार

पर्यटन की दृष्टि ये विकास गोंडा जिले के लिए काफी महत्वपूर्ण हैं। सरयू नदी के तट पर घाट व सीढिय़ां बनाने के साथ ही सैर के लिए मोटरबोट की व्यवस्था की जाएगी। इसे सेल्फी प्वाइंट के रूप में भी विकसित करने की तैयारी है। विदेशी पर्यटकों के लिए आधुनिक सुविधाओं से लैस लॉज का निर्माण होगा। कटरा शिवदयालगंज के समीप दूसरी क्रॉसिंग के पास प्रवेश द्वार भी बनाया जाएगा।

गांववार चिन्हित की जा रही जमीन

सरयू नदी के तट पर अयोध्या की सीमा पर गोंडा जिले के चार गांव चिन्हित किए गए हैं। इसमें महेशपुर, दुर्गागंज, माझाराठ व तुलसीपुरमाझा शामिल है। इन गांव के किनारे बाढ़ प्रभावित क्षेत्र की जमीन भी आएगी। जमीन का चिन्हांकन शुरू कर दिया गया है।

गोंडा जिले की सीमा में सरयू नदी के तट पर रिवर फ्रंट बनाने के साथ ही पिकनिक स्पॉट के रूप में विकसित करने की तैयारी चल रही है। अयोध्या विकास प्राधिकरण के अधिकारियों के साथ बैठक हुई है। अभिलेख तैयार कराकर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। जल्‍द इस कार्ययोजना को मूर्तरूप देने की कोशिश की जा रही है।   - राजेश कुमार, एसडीएम तरबगंज

Edited By: Mahendra Pandey