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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 05, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

लखनऊ में ग्रीन कारिडोर के किनारे बसेगी नई टाउनशिप, चार हिस्से में बांटकर होगा काम

By Vikas MishraEdited By:
Published: Fri, 05 Nov 2021 10:01 AM (IST)Updated: Sat, 06 Nov 2021 07:34 AM (IST)

गोमती नदी पर बने सभी ब्रिज भी ग्रीन कारिडोर से सीधे कनेक्ट होंगे। इससे ग्रीन कारिडोर से गोमती नदी ब्रिज ...और पढ़ें

ग्रीन कारिडोर की बैठक में बजट को लेकर व्यवस्था करने की बात कही गई।
ग्रीन कारिडोर की बैठक में बजट को लेकर व्यवस्था करने की बात कही गई।

लखनऊ, जागरण संवाददाता। गोमती नदी पर बने सभी ब्रिज भी ग्रीन कारिडोर से सीधे कनेक्ट होंगे। इससे ग्रीन कारिडोर से गोमती नदी ब्रिज पर चलने वाले लोग सीधे कारिडोर से भी कनेक्ट हो सकेंगे। नगर विकास मंत्री ने ग्रीन कारिडोर की समीक्षा बैठक में यह निर्णय किया था। वहीं ग्रीन कारिडोर प्रोजेक्ट को चार भागों में विभाजित करते हुए पार्ट एक में आइआइएम रोड से हार्डिंग ब्रिज (लाल ब्रिज) छह किमी. लंबा, पार्ट दो में लाल ब्रिज से पिपराघाट तक, पार्ट तीन में पिपराघाट से शहीद पथ तक करीब 7.5 किमी लंबा होगा। वहीं पार्ट चार में शहीद पथ से किसान पथ तक करीब 6.6 किमी. लंबा बंधा होगा। मंत्री को लविप्रा अफसरों ने बताया डीपीआर तैयार होकर काम शुरू करने की तैयारी है। 

ग्रीन कारिडोर की बैठक में बजट को लेकर व्यवस्था करने की बात कही गई। वहीं प्रमुख सचिव आवास एवं शहरी नियोजन की तरफ से लोक निर्माण विभाग एवं सिंचाई विभाग को बजटीय प्रावधान के लिए पत्राचार करने की बात कही। पिपराघाट से शहीद पथ के दाए तटबंध को भी प्राथमिकता पर लिया जाए और सेना की भूमि भी आ रही है। ऐसे में एलाइनमेंट शीघ्र निर्धारित करते हुए भूमि का विवरण तैयार करने के निर्देश दिए हैं। वहीं पार्ट एक आइआइएम रोड से हार्डिंग ब्रिज यानी लाल ब्रिज वाले भाग का शिलान्यास दीपावली से पूर्व प्रस्तावित किया गया है। वहीं इस रूट का ड्रोन सर्वे व वीडियो भी तैयार करने के निर्देश दिए गए। साथ ही भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण एएसआइ, पर्यावरण से एनओसी लेने की प्रकिया में गति लाने के आदेश दिए।