लखनऊ, जेएनएन। लखनऊ मेट्रो रेल कारपोरेशन (एलएमआरसी) ने कानपुर में मेट्रो का काम नवंबर से जमीन पर शुरू कर देगा। जून माह में कानपुर के लिए टेंडर निकाल दिए जाएंगे, चंद दिनों बाद आगरा का भी। टेक्निकल व फाइनेंशियल बिड के बाद हर हाल में नवंबर 2019 से काम करने की तैयारी है। उद्देश्य है कि दिसंबर 2021 तक कानपुर का प्राथमिक सेक्शन बनकर तैयार हो जाए और जनवरी 2022 में मेट्रो का संचालन शुरू कर दिया जाए। इसके मद्देनजर टेंडर का पूरा ड्राफ्ट तैयार करके रख लिया गया है। एलएमआरसी एमडी के आस्ट्रेलिया से जून के प्रथम सप्ताह लौटते ही टेंडर निकाल दिए जाएंगे। 

मेट्रो सूत्रों ने बताया कि कानपुर में नवंबर और आगरा में दिसंबर 2019 के अंतिम सप्ताह तक काम जमीन पर दिखने लगेगा। कानपुर मेट्रो का काम प्रमुखता से खत्म करने के निर्देश शासन स्तर से जारी किए गए हैं। उद्देश्य है कि आगामी वर्ष 2022 विधानसभा चुनाव से पहले मेट्रो का संचालन कानपुर के प्राथमिक सेक्शन में कर दिया जाए। कानपुर में आइआइटी से नौबस्ता के बीच और आगरा में सिकंदरा से ईस्ट गेट के बीच मेट्रो पब्लिक के लिए चलनी है। आइआइटी से नौबस्ता के बीच 23.78 किमी मेट्रो चलाई जाएगी। 22 स्टेशनों में चौदह एलीवेटेड और आठ भूमिगत स्टेशन बनाए जाएंगे। 

सिविल अभियंताओं के मुताबिक जमीन अधिग्रहित करने के लिए कई सरकारी संस्थाओं से वार्ता हो चुकी है। निजी जमीनों के लिए डीएम सर्किल रेट के हिसाब से पैसा देने का प्राविधान है, उसका पालन किया जाएगा। कानपुर का दूसरा कारिडोर कृषि विश्वविद्यालय से बरा के बीच 8.60 किमी. के बीच चलाई जानी है। कुल लागत 11,076.48 करोड़ है। 

इसी तरह आगरा में पहला कारिडोर सिकंदरा से ताज ईस्ट गेट कारिडोर का होगा, जो 14 किमी. होगा। यहां 13 स्टेशन बनाए जाएंगे। इनमें छह एलीवेटेड और सात भूमिगत मेट्रो स्टेशन होंगे। दूसरा कारिडोर आगरा कैंट से कालिंदी विहार के बीच होगा, जो 15.40 किमी. के बीच होगा। आगरा प्रोजेक्ट की कीमत 8,379.62 करोड़ होगी।

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Posted By: Anurag Gupta

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