लखनऊ [राज्य ब्यूरो]। उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल होगा। एक जिले में तीन साल से अधिक समय से जमे पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों को भी हटाया जाएगा। चुनाव आयोग ने भी बीते दिनों सुरक्षा-व्यवस्था की तैयारियों को लेकर अहम निर्देश दिए थे। शासन ने अब एएसपी स्तर से लेकर दारोगा तक की स्क्रीनिंग के लिए दो कमेटियां भी गठित कर दी हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार रात हुई वीडियो कांफ्रेंसिंग के दौरान भी कानून-व्यवस्था को लेकर कड़े निर्देश दिए थे। जिसके बाद जोन से लेकर जिलों तक में कई आइपीएस अधिकारियों के तबादले की चर्चाएं भी तेज हो गई हैं। माना जा रहा है कि जल्द कई बदलाव हो सकते हैं।

यूपी शासन ने एएसपी व सीओ की स्क्रीनिंग के लिए डीजी इंटेलीजेंस देवेंद्र सिंह चौहान की अध्यक्षता में तथा निरीक्षक व उपनिरीक्षक की स्क्रीनिंग के लिए एडीजी कानून-व्यवस्था प्रशांत कुमार की अध्यक्षता में तीन-तीन सदस्यीय कमेटियां गठित की हैं। दोनों ही कमेटियों से एक सप्ताह में रिपोर्ट मांगी गई है।

अब चुनाव के दृष्टिगत एक जिले में तीन वर्ष से अधिक अवधि से तैनात तथा 31 मार्च 2022 तक तीन वर्ष का कार्यकाल पूरा कर रहे अपर पुलिस अधीक्षक, पुलिस उपाधीक्षक, निरीक्षक व उपनिरीक्षक का ब्योरा देखा जाएगा। उनके विरुद्ध किसी जांच व शिकायत को भी देखा जाएगा। जिसके बाद पुलिस महकमे में बड़े स्तर पर तबादलों का सिलसिला शुरू होगा। इसी कड़ी में डीजीपी मुख्यालय स्तर से जिलों में लंबे समय से तैनात मुख्य आरक्षियों व आरक्षियों को भी सूचीबद्ध किया जा रहा है।

Edited By: Umesh Tiwari