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सावधान! बच्चों की सेहत पर भारी पड़ रहा मौसम का मिजाज, अगर सीने में घरघराहट हो तो तुरंत लें डॉक्टर की सलाह

Published: Sun, 08 Mar 2026 06:00 AM (IST)

मौसम बदलने से लखनऊ में बच्चों की सेहत पर असर दिख रहा है। डफरिन अस्पताल में सांस संबंधी दिक्कतें, एलर्जी और अस्थमा के मामले बढ़ रहे हैं।

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जागरण संवाददाता, लखनऊ। मौसम में हो रहे बदलाव का असर अब बच्चों की सेहत पर भी दिखाई देने लगा है। डफरिन अस्पताल के बाल रोग विभाग में इन दिनों सांस संबंधी दिक्कत, एलर्जी और अस्थमा से पीड़ित बच्चों की संख्या बढ़ रही है।

अस्पताल की ओपीडी में रोजाना बड़ी संख्या में ऐसे बच्चे पहुंच रहे हैं जिन्हें खांसी, जुकाम, सीने में जकड़न और सांस लेने में परेशानी की शिकायत है। बच्चों के सीने में घरघराहट हो या तेज बुखार आए तो तुरंत डॉक्टर से परामर्श लें।

बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. सलमान ने बताया कि मौसम के बदलने के दौरान बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता पर असर पड़ता है, जिससे उन्हें श्वसन संबंधी बीमारियों का खतरा अधिक हो जाता है। सुबह-शाम की ठंडी हवा, धूल-मिट्टी और प्रदूषण भी बच्चों में एलर्जी और अस्थमा की समस्या को बढ़ा रहे हैं।

उन्होंने अभिभावकों को सलाह दी कि बच्चों को लेकर इस मौसम में विशेष सावधानी बरतें। उन्हें ठंडी चीजें जैसे आइसक्रीम और कोल्ड ड्रिंक देने से परहेज करें, उन्हें धूल और धुएं से बचाकर रखें। इसके साथ ही बच्चों को मौसम के अनुसार कपड़े पहनाना भी जरूरी है।

डॉ. सलमान ने बताया कि घरेलू उपाय भी इस मौसम में काफी मददगार हो सकते हैं। बच्चों को हल्का गुनगुना पानी पिलाएं और तुलसी, अदरक व काली मिर्च से बना हल्का काढ़ा सीमित मात्रा में दिया जा सकता है, जिससे गले और सांस की तकलीफ में राहत मिलती है।

उन्होंने कहा कि यदि बच्चे को लगातार खांसी, सांस फूलना, सीने में घरघराहट या तेज बुखार की समस्या हो तो लापरवाही न बरतें। समय पर उपचार और सावधानी बरतने से बच्चों को इन मौसमी बीमारियों से बचाया जा सकता है।