लखनऊ, जेएनएन। सर्दी में जुकाम, बुखार, खांसी सहित जोड़ों में दर्द की समस्या होना आम है। वहीं, लगातार बढ़ती ठंड से ये समस्याएं और भी बढ़ जाती हैं। ऐसे में हर उम्र के लोगों को अपना खास ख्याल रखने की जरूरत होती है। इस समय शीतलहर के साथ ही गिरता पारा हर किसी की सेहत पर असर डाल रहा है। ऐसे में इस मौसम में होने वाले खांसी, जुकाम, गले में खराश, बुखार, कोल्ड डायरिया, जोड़ों के दर्द जैसे रोगों में घरेलू उपचार भी बेहद लाभकारी होते हैं। 

सवाल : सर्दी में जुकाम, ठंड लगना, जकडऩ, सिरदर्द हमेशा बना रहता है, क्या करूं।- मनोज कुमार, बलरामपुर

जवाब : 20 ग्राम मुलेठी, 10-15 तुलसी की पत्ती, 10-15 ज्वारांकुश की पत्ती को एक कप पानी में डालकर उबालें, जब पानी आधा रह जाए तो इसे दिन में दो-तीन बार पीने से फायदा मिलेगा।

सवाल : इस मौसम में बार-बार सर्दी-जुकाम और छींक आने की समस्या होती है।- अशोक साहू, कुर्सी रोड

जवाब : इम्यून पॉवर कमजोर होने से एलर्जी की समस्या होती है। इसके लिए तीन महीने तक नियमित आंवले का प्रयोग करें। आंवले का मुरब्बा, चटनी और एक चम्मच सुबह-शाम च्यवनप्राश खाएं।

सवाल : सर्दियों में खांसी और सांस फूलने की समस्या ज्यादा होती है।- अंशिका, गोंडा

जवाब : पांच ग्राम दालचीनी, दस ग्राम बड़ी इलायची, 20 तुलसी पत्र, दो दाने काली मिर्च मिलाकर काढ़ा बनाकर पीने से आराम मिलेगा, इसी में नमक मिलाकर गरारा भी करें। इसके अलावा एक चम्मच आंवले का रस, एक चम्मच अदरक का रस और थोड़ा सा गुड़ मिलाकर काढ़ा पीएं।

सवाल : ठंड में जोड़ों का दर्द बढ़ जाता है, घुटनों में ज्यादा दर्द होता है।- शशि सिंह, गोंडा

जवाब : 10 पत्ती हरसिंगार की, पांच पत्ती धूतरे की, पांच बेहया की पत्ती की पोटली बनाकर तवे पर गर्म करके इससे घुटने की सिंकाई करें।

सवाल : एक महीने पहले डेंगू हुआ था, इलाज के बाद ठीक हो गया मगर अब जोड़ों में दर्द रहता है।- अंजलि, राजेंद्रनगर

जवाब : एक गिलास दूध में लहसुन की चार कली और आधा चम्मच हल्दी मिलाकर इसे उबालें, सोते समय लहसुन को निकालकर खाएं और गुनगुना दूध पी लें। यह उपचार नियमित तीन महीने तक करें।

सवाल : पिताजी की उम्र 65 वर्ष है, कुछ दिन पहले हार्ट ट्रांसप्लांट हुआ था, सर्दियों में उनको बलगम आने की समस्या है। - विकास, बछरावां, रायबरेली

जवाब : दो ग्राम दालचीनी, दो ग्राम इलायची, 15 तुलसी की पत्ती, 10-15 लेमनग्रास की पत्ती को मिलाकर काढ़ा बनाकर सात दिन उनको पिलाएं।

सवाल : कुछ दिन पहले कोल्ड डायरिया हुआ था, अब पेट में ऐंठन व अकडऩ होती है। - माधव वाजपेयी, हरदोई

जवाब : एक चम्मच अजवाइन, दो चम्मच ईसबगोल की भूसी को सादे पानी के साथ लेने से आराम मिलेगा।

सवाल : मेरी बहन की उम्र पांच साल है, उसको खांसी-जुकाम की समस्या है। - तरुणम पटेल, रायबरेली

जवाब : एक चम्मच आंवले का रस, आधा चम्मच अदरक का रस, एक या डेढ़ चम्मच शहद के साथ मिलाकर चटाएं।

सवाल : मेरे गले में कफ आ जाता है, जिससे बार-बार थूकने से गला सूख जाता है, क्या करूं।- बृजेश वर्मा, अंबेडकरनगर

जवाब : एक चौथाई चम्मच हल्दी, आधा चम्मच तुलसी की पत्ती का रस, आधा चम्मच अदरक का रस को शहद के साथ मिलाकर एक सप्ताह तक सेवन करें।

सवाल : ठंड के कारण एक पैर में सूजन आ गया है, दर्द भी बहुत है, उपाय बताएं।- सुधाकर मणि त्रिपाठी, अयोध्या

जवाब : दो चम्मच मेथी को आधा चम्मच सोंठ के साथ फांककर गुनगुना पानी पीएं, यह उपचार एक महीने तक दिन में दो बार करें। साथ ही सेंधा नमक और फिटकरी को गर्म पानी में मिलाकर इससे पैर की सिंकाई करें।

सवाल : कुछ दिन पहले घुटने में चोट लगी थी, जिससे दर्द रहता है, सूजन भी है, तेल की मालिश से आराम नहीं मिल रहा। - शुभम शुक्ला, हरदोई

जवाब : आधा किलो बालू, आधा किलो सेंधा नमक मिलाकर इसकी पोटली बनाकर गर्म करके इससे सूखी सिंकाई करें, जड़ से समस्या दूर होगी। इसमें किसी भी तेल की मालिश न करें।

सवाल : कुछ दिनों पहले अचानक कमर दर्द शुरू हुआ फिर पैर में दर्द शुरू हुआ, सूजन भी है, डॉक्टर फाइलेरिया बता रहे हैं।- रामदुलारी, बाराबंकी

जवाब : 10 हरसिंगार की पत्ती, 10 अड़ूसा की पत्ती को उबालकर इसे गुड़ में मिलाकर सुबह-शाम पीएं। इसके अलावा हरसिंगार, अड़ूसा और बेहया की पत्ती को मिलाकर पोटली बनाकर तवे पर गर्म करके सिंकाई करें।

सवाल : इस समय जुकाम, सिरदर्द व बलगम की समस्या बढ़ गई है। - पवनेश कुमार, रायबरेली

जवाब : मुलेठी दिन में तीन बार चूसें। इसके अलावा सितोपलादि चूर्ण को शहद के साथ एक-एक चम्मच दिन में तीन बार 15 दिनों तक लें।

सवाल : मेरी उम्र 78 साल है, मुझे सांस की बीमारी है, पैरों में झनझनाहट की शिकायत भी है।- सत्यप्रकाश तिवारी, गोंडा

जवाब : श्वांस कोठार रस की दो-दो गोली सुबह-शाम नियमित नब्बे दिनों तक खाएं।

सवाल : मुझे कमर, घुटने और पीठ में दर्द है।- सीताराम कुशवाहा, हरदोई

जवाब : दो चम्मच मेथी, आधा चम्मच सोंठ, आधा चम्मच अजवाइन, दो दाने काली मिर्च को गुनगुने पानी से तीन महीने तक सुबह-शाम लें।

सवाल : ब्रांकायटिस का घरेलू उपचार बताएं।- डॉ. वीपी पाठक, आदिलनगर

जवाब : बनफ्सा की 10 पत्ती, अड़ूसे की 10 पत्ती, मुलेठी के दो-तीन टुकड़े को गुड़ के साथ मिलाकर काढ़ा बनाकर सुबह-शाम 15 दिनों तक पीएं।

सवाल : दिल के बैठने की, धड़कन बढऩे की समस्या है। - अरुण अवस्थी, बाराबंकी

जवाब : अर्जुन की छाल में एक ग्राम दालचीनी और गुड़ मिलाकर काढ़ा बनाकर दो महीने तक सुबह खाली पेट लें।

सवाल : कुछ दिन पहले टायफाइड हुआ था, अब पेट में गैस रहती है, बार-बार शौच जाना पड़ता है।- शिवम पांडेय, अंबेडकरनगर

जवाब : इस बीमारी को इर्रिटेबल बाउल सिंड्रोम (आइबीएस) कहते हैं। इसमें एक चम्मच सौंफ, आधा चम्मच अजवाइन, दो चम्मच ईसबगोल भूसी को मिलाकर सादे पानी से दिन में दो बार भोजन के बाद लें।

सवाल : गर्दन में ऊपर की ओर दर्द रहता है, सिरदर्द और ठंड महसूस होती है।- जयशंकर सिंह, रायबरेली

जवाब : अविपत्तिकर चूर्ण एक-एक चम्मच सुबह-शाम भोजन से पहले लें। इसके अलावा दो चम्मच मेथी, आधा चम्मच सोंठ को गुनगुने पानी से खाना खाने के बाद लें।

सवाल : मेरी दो महीने की बेटी है उसको आंखों में कीचड़ आने के साथ ठंड की समस्या है और पांच साल के बेटे को खांसी-जुकाम है।- प्रीती शर्मा, गोमतीनगर

जवाब : बेटी को एक चौथाई चम्मच आंवले के रस के साथ एक चौथाई चम्मच अदरक के रस में शहद मिलाकर चटाएं।

सवाल : दस दिन से गले में खराश और जुकाम की शिकायत है।- सुभाष, रायबरेली

जवाब : मुलेठी के चूर्ण में शहद मिलाकर सुबह-शाम सेवन करें, फायदा होगा।

सर्दी-जुकाम में ऐसे करें बचाव

  • सर्दी-जुकाम से बचाव के लिए हल्दी वाले दूध में छुहारा मिलाकर रात को सोते समय लेने से फायदा मिलता है
  • खांसी, गले में दर्द में लौंग को तवे पर भूनकर इसमें शहद मिलाकर सुबह-शाम सेवन करें
  • गले के सभी संक्रमण और सूखी खांसी में मुलेठी चूसने से फायदा होता है
  • सर्दी-जुकाम, बुखार से बचाव के लिए आंवले का प्रयोग करें, चटनी, मुरब्बा, च्यवनप्राश का सेवन करें
  • शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए तुलसी, अदरक, दालचीनी, लौंग को गुड़ के साथ मिलाकर सुबह के समय चाय की जगह काढ़ा बनाकर पीएं। शाम को ताजी मौसमी सब्जियों का सूप बनाकर पीएं।

जोड़ों के दर्द के लिए अपनाएं

  • हरसिंगार की दस पत्ती, अड़ूसे की दस पत्ती और थोड़ी सी सोंठ में गुड़ मिलाकर काढ़ा बनाकर पीने से जोड़ों के दर्द में आराम मिलेगा
  • रात को सोते समय आधा चम्मच हल्दी, लहसुन की चार कली को दूध में उबालकर पीने से भी जोड़ों के दर्द में लाभ मिलता है, यह संधिवात से भी बचाता है
  • जोड़ों के दर्द से बचाव के लिए एक चम्मच मेथी और आधा चम्मच सोंठ को मिलाकर पाउडर बनाकर गुनगुने पानी के साथ लें। 

Posted By: Anurag Gupta

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस