लखनऊ, जेएनएन। उत्तर प्रदेश के डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी ने कोरोना की जंग में जुटे अधीनस्थों का हौसला बढ़ाते हुए मार्मिक अपील की है। साथ ही उन्होंने पुलिस अधिकारियों व कर्मियों के परिवारीजन के धैर्य व इस कठिन समय में अपनों को दिए जा रहे भावनात्मक सहयोग के लिए उनका आभार जताया है। पुलिस परिवार के मुखिया ने सड़कों पर डटे पुलिसकर्मियों से अपनी सुरक्षा का भी खास ध्यान रखने की अपील की है।

डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी ने कहा है लॉकडाउन का अनुपालन कराने के दौरान पुलिसकर्मियों ने जिस तरह जरूरतमंदों की मदद के लिए उच्चकोटि का सेवाभाव, अनुशासन व कर्तव्यपरायणता दिखाई है। उस पर उन्हें गर्व है। इस चुनौती के समय में सरकार ने पुलिस विभाग को 56 करोड़ रुपये देने के साथ ही जनहानि की दशा में 50 लाख रुपये की अनुग्रह राशि का प्राविधान किया है। पुलिस लाइन, थानों, कार्यालयों से लेकर पीएसी वाहिनी तक में सैनिटाइजेशन की व्यवस्था कराई गई है। वहीं, पुलिसकिर्मयों ने अपने वेतन से राहतकार्यों के लिए 20 करोड़ रुपये देकर बेहद प्रशंसनीय काम किया है।

डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी  ने उम्मीद जताई है कि पुलिसकर्मी इसी तरह मुस्तैदी से कोरोना योद्धा की तरह अपनी ड्यूटी करते रहेंगे और उनका व्यवहार आने वाले दिनों में उप्र पुलिस को नई ऊंचाई प्रदान करेगा।

पुलिसकर्मियों को दी जा रहीं पीपीई किट

पुलिसकर्मियों को उनकी सुरक्षा के लिए सैनिटाइजर, मास्क, दस्ताने व अन्य उपकरणों के साथ पीपीई किट भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। खासकर हॉट स्पॉट क्षेत्रों में लगे पुलिसकर्मियों को ऐसे उच्च कोटि के सुरक्षा उपकरण जल्द उपलब्ध कराने का प्रयास चल रहा है। सूत्रों का कहना है कि मेरठ में पुलिस टीम पर हमले की घटना के बाद वहां करीब 300 पीपीई किट तथा नोएडा में करीब 500 किट उपलब्ध कराई गई हैं। साथ ही अन्य जिलों में भी पीपीई किट उपलब्ध कराई जा रही हैं।

पुलिस ने और तेज की कार्रवाई

लॉकडाउन की अवधि बढ़ने के साथ ही पुलिस ने निर्देशों की अनदेखी करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई भी तेज कर दी है। लॉकडाउन के दौरान अब तक धारा 188 के तहत 18,571 मुकदमे दर्ज कर आरोपितों के विरुद्ध कार्रवाई की गई है। आवश्यक वस्तु अधिनयम के तहत भी 414 एफआइआर दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है। सूबे में 5568 स्थानों पर बैरियर लगाकर चेकिंग कराई जा रही है। पुलिस ने लॉकडाउन के दौरान 40133 वाहनों का चालान किया है और 23249 वाहन सीज किए गए हैं। इस दौरान 7.22 करोड़ रुपये से अधिक शमन शुल्क वसूला गया है।

वामा सारथी ने भी बढ़ाए कदम

पुलिस अधिकारियों की पत्नियों की संस्था वामा सारथी ने भी कोरोना की जंग में कदम बढ़ाए हैं। संस्था पुलिसकर्मियों के परिवारिजन की मदद करेगी। कोरोना में ड्यूटी दे रहे पुलिसकर्मियों के परिवारीजन का ध्यान रखने की योजना बनाई गई है। वामा सारथी ने वाट्सएप नंबर के जरिए सूचना मिलने पर भी मदद की योजना बनाई है।

Posted By: Umesh Tiwari

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