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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 27, 2018 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

ठेकेदार की पिटाई के मामले में चौकी प्रभारी व सिपाही दोषी

By Anurag GuptaEdited By:
Published: Thu, 27 Dec 2018 08:41 AM (IST)

अंसल चौकी में पुलिस की रिश्वत खोरी का वीडियो बनाने पर पीडि़त की पिटाई का मामला। वीडियो रिकवरी के लिए ...और पढ़ें

ठेकेदार की पिटाई के मामले में चौकी प्रभारी व सिपाही दोषी
ठेकेदार की पिटाई के मामले में चौकी प्रभारी व सिपाही दोषी

लखनऊ, जेएनएन। अंसल चौकी में बीते दिनों पुलिस की रिश्वतखोरी का मोबाइल में वीडियो बनाने पर ठेकेदार रघुवीर को चौकी प्रभारी और सिपाही ने जमकर पीटा था। जागरण में खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया गया था। एसएसपी कलानिधि नैथानी ने सीओ कैंट को जांच सौंपी थी। सीओ की पड़ताल में प्रथम दृष्टया चौकी प्रभारी रुद्र प्रताप त्रिपाठी और सिपाही दोषी पाए गए। पुष्टि के लिए पुलिस ने पीडि़त के मोबाइल से वीडियो रिकवर कराने के लिए उसे फोरेंसिक साइंस लैब भेजा है। इसके बाद दोनों पर कार्रवाई होगी।

मामले में बुधवार को सीओ कैंट तनु उपाध्याय ने गुडंबा फूलबाग कॉलोनी निवासी रघुवीर सिंह और इंदिरानगर में रहने वाले उसके पार्टनर अन्नू शर्मा, डीएन सिंह को बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया। सीओ ने बताया कि पीडि़त रघुवीर का बयान दर्ज होने के बाद प्रथम दृष्टया यह लग रहा है कि अंसल चौकी प्रभारी रुद्र प्रताप त्रिपाठी और सिपाही विजय पाल ने पिटाई की है। वहीं अन्नू शर्मा और डीएन सिंह के भी बयान दर्ज किए। बयानों से यह साबित हुआ कि तीनों के बीच रुपयों का लेन-देन था। इसकी तहरीर पहले पीजीआइ थाने में दी थी जिसके बाद उसे चौकी भेज दिया गया।

छह दिन बाद भी पुलिस ने नहीं कराया पीडि़त का मेडिकल

पीडि़त रघुवीर का कहना है कि घटना 21 दिसंबर की है। पुलिस आरोपितों को बचाने का प्रयास कर रही है। घटना के छह दिन बाद भी पुलिस ने अबतक मेडिकल नहीं कराया है।