यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 05, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
सपा तथा कांग्रेस के बीच गठबंधन की राह दिखी
लखनऊ में समाजवादी पार्टी के रजत जयंती समारोह से पहले कल तथा आज आमंत्रित नेताओं के साथ प्रशांत किशोर की मौजूदगी से संभावना काफी मजबूत होती जा रही है

लखनऊ (जेएनएन)। उत्तर प्रदेश में सत्ताधारी दल समाजवादी पार्टी के कांग्रेस के साथ गठबंधन की राह साफ होती नजर आ रही है। तीन दिन पहले नई दिल्ली में पार्टी के रणनीतिकार प्रशांत किशोर की सपा सुप्रीमो के साथ मुलाकात के बाद दो दिन से लखनऊ में समाजवादी पार्टी के नेताओं के साथ मुलाकात राह को मजबूती दे रही है।
लखनऊ में समाजवादी पार्टी के रजत जयंती समारोह से पहले कल तथा आज आमंत्रित नेताओं के साथ प्रशांत किशोर की मौजूदगी से संभावना काफी मजबूत होती जा रही है। सपा के कार्यक्रम में आमंत्रित देश के कई दिग्गज नेता राजधानी के होटल ताज में ठहरे हैं।
पढ़ें- मुलायम सिंह यादव ने अखिलेश के कामकाज को सराहा, दी हरी झंडी
उन्हीं के साथ कांग्रेस रणनीतिकार प्रशांत किशोर भी इसी होटल में ठहरे हैं। प्रशांत किशोर की यह मौजूदगी एक संयोग भी हो सकती है लेकिन महागठबंधन की कवायद के बीच उनकी समाजवादियों के साथ मौजदगी नई केमिस्ट्री की ओर इशारा कर रही है।
आज रजत जयंती समारोह स्थल जाने से पहले मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने आमंत्रित नेताओं लालू यादव, शरद यादव, एचडी देवेगौड़ा और अन्य नेताओं से होटल में भेंट की। मीडिया ने जब उनसे पूछा कि क्या उन्होंने प्रशांत किशोर से भी मुलाकात की तो उन्होंने इससे साफ़ इंकार कर दिया।
पढ़ें- उत्तर प्रदेश का चुनाव तय करेगा देश की दिशा व दशा : अखिलेश यादव
प्रशांत किशोर की कल के बाद आज भी होटल में मौजूदगी से महागठबंधन के लिए चल रही अटकलों की एक अलग ही केमिस्ट्री सामने आ गई है। गौरतलब है कि प्रशांत किशोर दिल्ली में शिवपाल और सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव से भी मिलाकात कर चुके हैं। इसके बाद कल भी उनकी लखनऊ में शिवपाल से भेंट हुई, उस समय कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष राज बब्बर भी होटल में थे।
पढ़ें- चाचा भतीजे एक दूसरे को और बुआ जी दोनो को गाली दे रहीं :अमित शाह
प्रशांत किशोर की शिवपाल यादव से मुलाकात जेडीयू सांसद केसी त्यागी कराई थी और वे भी इसी होटल में ठहरे हैं। दूसरी तरफ कांग्रेस ने प्रशांत किशोर की सपा नेताओं से मुलाकात को निजी करार दिया। प्रदेश अध्यक्ष राज बब्बर और नेता पीएल पुनिया ने भी गठबंधन की सम्भावना से इनकार किया है।
