लखनऊ, जागरण संवाददाता। उत्तर प्रदेश आदर्श व्यापार मंडल प्रदेश ने 'ई कॉमर्स नीति' बनाने 'व्यापारी नीति आयोग' का गठन और 'व्यापारी स्वास्थ्य बीमा' समेत 14 सूत्रीय मांगें उठाई हैं। संगठन के प्रदेश अध्यक्ष संजय गुप्ता समेत प्रांतीय पदाधिकारियों ने गुरुवार को एक पत्रकार वार्ता कर अपना मांगपत्र जारी किया।

व्यापारी नेताओं ने कहा कि सरकार व्यापारियों की समस्याओं का स्थाई समाधान करे ताकि व्यापारी अपने आप को उपेक्षित ना महसूस करे। विधानसभा चुनाव में व्यापारियों का वोट निर्णायक भूमिका निभाएगा। जारी मांगपत्र में संबंधित मसलों पर बनाई जाने वाली निर्मात्री समिति में प्रमुख व्यापारी संगठनों के प्रतिनिधियों को शामिल किया जाए। प्रदेश स्तरीय 'जीएसटी सुझाव समिति' का गठन हो। इनके सुझावों को जीएसटी परिषद में राज्य सरकार की ओर से भेजा जाए।

'व्यापारी स्वास्थ्य बीमा' सरकार द्वारा अनिवार्य रूप से दिया जाए। बीमा योजना का दायरा बढ़ाकर 15 लाख रुपए किया जाए। कॉमर्शियल विद्युत कनेक्शन की दरें कम हों। जितनी बिजली का उपयोग किया जाए सिर्फ उतना मूल्य ही लिया जाए। कामर्शियल हाउस टैक्स की दरें आवासीय हाउस टैक्स की दर से दोगुनी ही रखी जाए। प्रतिष्ठानों पर वाटर कनेक्शन नहीं तो उन्हें जल कर से मुक्त रखा जाए। महानगरों में आवासीय क्षेत्रों में व्यवसायिक गतिविधियों वाले स्थानों को बाजार मार्ग/ मार्केट स्ट्रीट घोषित किया जाए। 'व्यापारी सुरक्षा प्रकोष्ठ' प्रभावी बने। प्रदेश के हर थाने पर हेल्पडेस्क बने। छापे प्रतिबंधित हों। पैकेट बंद खाद्य पदार्थों के सैंपल उत्पादन इकाई से लिए जाएं।

मांगपत्र जारी करने वालों में संगठन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष अविनाश त्रिपाठी, कोषाध्यक्ष मोहम्मद अफजल, उपाध्यक्ष ओमप्रकाश सांवरिया, पवन जायसवाल, आसिफ किदवई, इकबाल हसन, राजीव शुक्ला, संजय त्रिवेदी, विजय कुमार, मनीष जैन, डॉ. साकेत चतुर्वेदी, मोहित कपूर, जीएस चड्ढा, आनंद रस्तोगी आदि व्यापारी नेता रहे।

Edited By: Anurag Gupta