लखनऊ। केंद्रीय जल संसाधन व नदी विकास मंत्री उमा भारती ने कहा कि केंद्र सरकार देशभर की 52 नदियों की सफाई का अभियान चला रही है। इसके लिए 31 नदियों को जोड़ा जाएगा। नदियां साफ करने वाली कंपनियों से 30 वर्ष तक का करार किया गया है ताकि आगे भी इन नदियों की सफाई बनी रहे।

उमा भारती ने केंद्रीय मानव संसाधन विकास राज्य मंत्री रामशंकर कठेरिया के इटावा के गांव नगरिया सरावा में उनकी मां के नाम पर बनाये गए स्कूल के उद्घाटन अवसर पर कहा कि नदियों को जोडऩे से जलवायु बेहतर होगी और पीने के पानी का संचय होगा। इससे 80 लाख हेक्टेयर भूमि सिंचित होना शुरू हो जाएगी। गंगा व यमुना की सफाई के लिए 99 प्रोजेक्ट चालू किए जा रहे हैं, जिनमें कुछ पर काम शुरू हो गया। कानपुर में गंगा की सफाई तेजी से की जा रही है जबकि मथुरा में यमुना में काम शुरू होना है। इस काम पर डेढ़ हजार करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। नदियों की सफाई के लिए केंद्र सरकार केवल राज्यों से सहयोग मांग रही है, धन नहीं। नदियों की सफाई के लिए उनके मंत्रालय को केंद्र सरकार ने 20 हजार करोड़ रुपये के तीन पैकेज दिए हैं। इससे नदियों की सफाई, ङ्क्षसचाई व राज्यों का अंश शामिल है। मध्य प्रदेश से केन, बेतवा व अन्य प्रदेशों से उत्तर प्रदेश में नदियां आ रही हैं इसलिए यहां की सरकार को नदियों की सफाई को लेकर केंद्र सरकार का सहयोग करना चाहिए। कहा कि दिल्ली के 18 नाले यमुना को गंदा कर रहे हैं इसके लिए 800 करोड़ की योजना की शुरुआत की है। इन नालों का कचरा यमुना में नहीं जाएगा। कार्यक्रम में हास्य अभिनेता असरानी भी शामिल हुए।

मुलायम से वैचारिक मतभेद

उमा भारती ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव उनके छोटे भाई जैसे हैं। मुलायम ङ्क्षसह यादव से उनके वैचारिक मतभेद रहे हैं। नदियों की सफाई पर अखिलेश से सहयोग मांगा है और विकास की राजनीति करने को कहा है। उन्होंने भाजपा नेता अरुण शौरी के प्रधानमंत्री पर कटाक्ष पर कहा कि जब वह अटल सरकार में मंत्री थे तब किसी की नहीं सुनते थे। आज सरकार में कोई पद नहीं है तब इस तरीके की बातें कर रहे हैं।

Posted By: Nawal Mishra

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