लखनऊ (जेएनएन)। कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश सरकार पर बाढ़ पीड़ितों की अनदेखी का आरोप लगाया और कहा कि उसे किसानों की कोई चिन्ता नहीं है। भारतीय जनता पार्टी की मेरठ कार्यसमिति की बैठक में मंथन का बहाना करके आत्म प्रसंशा कर रही है। प्रदेश के कई गांव सम्पर्क मार्ग से कट गये हैं। सरकार को उसके समाधान की रत्ती भर चिंता नहीं है।

प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता ओंकारनाथ सिंह ने कहा कि आज भाजपा कार्यसमिति की बैठक का समापन भाषण भाजपा अमित शाह ने दिया। उनके भाषण के दौरान सभी पत्रकारों को समारोह स्थल से बाहर कर दिया जाना अचरज की बात है। समापन के बाद जो लोग बाहर निकले किसी ने पत्रकारों को कुछ नहीं बताया और कहा कि अभी प्रेस रिलीज जारी होगी। भाजपा बहुत कुछ जनता से छिपाने का प्रयास कर रही है।  

भाजपा कार्यसमिति में तय एजेंडे में कांग्रेस राहुल गांधी से गले मिलना कबूल नहीं है। कांग्रेस इन्हें स्नेह और प्यार देती रहेगी ताकि नफरत का बीज इनके दिलों से निकल सके। भूतकाल में  कई मौकों पर हमारे कांग्रेस के अध्यक्ष एवं तत्कालीन प्रधानमंत्री ने समय-समय पर भाजपा नेताओं के सम्मान में और उनकी परेशानियों में मदद करने में कभी पीछे कदम नहीं हटाया, इसके अनेकों उदाहरण हैं।दूसरा यह कि भाजपा कार्यसमिति ने दलित एवं पिछड़ा वर्ग की राजनीतिक का झूठा ड्रामा दर्शाया है। मिल्कीपुर के दलित विधायक के पिता को मारा-पीटा जाता है। पुलिस उसकी एफआइआर नहीं लिखती और भाजपा खुद को दलित हितैषी कहती है। प्रवक्ता ने राजनाथ सिंह का बयान जिसमें उन्होने कांग्रेस के बारे में काठ की हांडी की संज्ञा दी हास्यास्पद बताया। चोरी, डकैती हत्या, लूट, बलात्कार की घटनाओं को रोकने के लिए मुख्यमंत्री ने न तो इस कार्यसमिति से कोई सुझाव मांगे न ही कार्यसमिति ने इनको बताने का काम किया। 

Posted By: Nawal Mishra