ललितपुर:

शहर के मोहल्ला आजादपुरा में नजूल की सरकारी भूमि बेचने व खरीदने के मामले में अपर जिलाधिकारी ने महिला समेत दो सगे भाइयों को भूमाफिया घोषित किया है। उनके खिलाफ गत दिवस राजस्व निरीक्षक ने कोतवाली में धोखाधड़ी का मामला भी पंजीकृत कराया था।

बताते चलें कि शासन ने सरकार नजूल भूमि को अवैध कब्जा मुक्त कराने व दोषियों के खिलाफ कार्यवाही करने के लिए प्रदेश के समस्त जिलाधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश जारी किये थे। शासनादेश के क्रम में जिलाधिकारी मानवेन्द्र सिंह ने भी अभियान चलाकर सरकारी नजूल भूमि को अवैध कब्जा से मुक्त कराया। जनपद में नजूल भूमि को कब्जा मुक्त कराने की कई बड़ी कार्यवाहिया अब तक हो चुकी है। जो सुर्खियों में भी रही। मौजूदा समय में भी नजूल भूमि पर कब्जा करने वाले लोगों के खिलाफ प्रशासन का यह अभियान जारी है। इसी क्रम में शहर के मोहल्ला आजादपुरा में भी ऐसा ही मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार मोहल्ला आजादपुरा में नजूल आराजी संख्या 1893 रकवा 111.29 वर्गमीटर का वर्ष 1997 में गुलाबचन्द्र जैन पुत्र मौजीलाल को फ्रीहोल्ड किया गया था। गुलाबचन्द्र की मौत के बाद उनके वारिसान पत्‍‌नी सुशीला व पुत्र विकास जैन द्वारा अपनी फ्रीहोल्डशुदा भूमि में अपने हिस्से के अतिरिक्त अन्य सरकारी नजूल आराजी के शेष रकवा 171.61 वर्गमीटर को वर्ष 2017 में काशीबैन पटेल पत्‍‌नी बेचर भाई पटेल निवासी सिविल लाइन को बेच दी गयी थी। इसके बाद काशीबैन पटेल द्वारा उक्त भूमि का बैनामा राजीव कुमार सुड़ेले, अनिल कुमार सुड़ेले निवासीगण मोहल्ला आजादपुरा को कर दिया गया था। इस पर गत दिवस राजस्व निरीक्षक ने कोतवाली पुलिस को तहरीर देकर सुशीला, विकास जैन निवासीगण मोहल्ला आजादपुरा हाल निवासी कॉलनि ए-4 पश्चिम बिहार नई दिल्ली, काशीबैन पटेल निवासी सिविल लाइन, राजीव कुमार सुड़ेले, अनिल कुमार सुड़ेले पुत्रगण कामता प्रसाद सुड़ेले निवासीगण आजादपुरा के खिलाफ अवैध तरीके से सरकारी नजूल भूमि का बैनामा किये जाने की धारा 420, 467, व 29 राजस्व संहिता अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करा दिया था। वहीं अपर जिलाधिकारी ने इस मामले को गम्भीरता से लेते हुए सरकारी नजूल भूमि का अवैध तरीके से बैनामा कराये जाने पर काशीबेन पटेल, राजीव कुमार, अनिल कुमार को भूमाफिया घोषित किया है।

Posted By: Jagran

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