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बेटी की विदाई का सपना देखने वाले पिता ने उठाई अर्थी, लखीमपुर की घटना ला देगी आंखाें में आंसू

Published: Wed, 02 Sep 2026 12:28 PM (IST)

लखीमपुर खीरी के दुबहा कुंवरपुर गांव में करंट लगने से प्रियांशी की मौत के बाद मंगलवार को गमगीन माहौल में ...और पढ़ें

प्रियांशी की मौत के बाद रोते बिलखते परिजन

प्रियांशी की मौत के बाद रोते बिलखते परिजन


HighLights

  1. दुबहा कुंवरपुर में करंट लगने से प्रियांशी की मौत।

  2. बेटी की शादी का सपना देखने वाले पिता ने उठाई अर्थी।

  3. पोस्टमार्टम के बाद गमगीन माहौल में हुआ अंतिम संस्कार।

पवन जायसवाल, लखीमपुर खीरी। भीरा के दुबहा कुंवरपुर गांव में सोमवार तड़के खेत के किनारे लगे तारों में दौड़ रहे करंट की चपेट में आने से जान गंवाने वाली प्रियांशी का मंगलवार को गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया।

पोस्टमार्टम के बाद जब उसका शव गांव पहुंचा तो परिजनों और रिश्तेदारों में चीख-पुकार मच गई। जिस घर में दो माह बाद बेटी की शादी की तैयारियां होनी थीं, वहां मातम पसरा था।

प्रियांशी सोमवार तड़के शौच के लिए घर से निकली थी। खेत के किनारे लगे तारों में करंट दौड़ रहा था, जिससे उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद परिजनों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश था। सोमवार देर शाम तक परिजन मुकदमा दर्ज करने और आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे। थाना अध्यक्ष भीरा के समझाने-बुझाने और मुकदमा दर्ज किए जाने के बाद परिजन पोस्टमार्टम के लिए राजी हुए।

मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद प्रियांशी का शव गांव पहुंचा तो हर आंख नम हो गई। मां का रो-रोकर बुरा हाल था। रिश्तेदार और ग्रामीण परिवार को ढांढस बंधाते रहे, लेकिन किसी की हिम्मत नहीं हो रही थी कि उस पिता को कैसे संभाला जाए, जिसकी आंखों के सामने उसकी बेटी की डोली के बजाय अर्थी उठ रही थी।

प्रियांशी अपने पिता रोहित राम की इकलौती बेटी थी। पिता ने बेटी के हाथ पीले करने और उसे धूमधाम से विदा करने के सपने संजो रखे थे। घर में शादी को लेकर तैयारियां और खुशियों की उम्मीदें थीं, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था।

मंगलवार को जिस बेटी को पिता ने दुल्हन बनाकर विदा करने का सपना देखा था, उसी बेटी की अर्थी को अपने कंधों पर उठाकर अंतिम विदाई देनी पड़ी। बेटी की अंतिम यात्रा में पिता फफक-फफक कर रोता रहा। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद हर शख्स की आंखें छलक उठीं। गमगीन माहौल में देर शाम प्रियांशी का अंतिम संस्कार कर दिया गया।