लखीमपुर के निघासन में पकड़ा गया तेंदुआ, पिंजरे में कैद होते ही दो महीने के खौफ से मिली राहत
लखीमपुर खीरी में दुधवा पार्क के जंगल से निकलकर आबादी में घूम रहा तेंदुआ आखिरकार पकड़ा गया। दो महीने से ...और पढ़ें
HighLights
दुधवा पार्क से निकला तेंदुआ लखीमपुर खीरी में पकड़ा गया।
दो महीने से आबादी में दहशत फैला रहा था यह तेंदुआ।
वन विभाग ने पिंजरा लगाकर तेंदुए को सुरक्षित पकड़ा।
जागरण संवाददाता, लखीमपुर। दुधवा पार्क के जंगल निकल कर आबादी मे घूम रहे जंगली जानवरों में से मंगलवार सुबह एक तेंदुआ पकड़ा गया। तकरीबन दो महीने से तेंदुए की दहशत मे जी रहे नगर वाशियों को आखिरकार बड़ी राहत मिली ही गईं।
दस पूर्व वन विभाग द्वारा लगाए गए पिंजरे में एक और तेंदुआ कैद हो गया है। मौके पर पहुँचे लोगो की सूचना पर वन कर्मियों ने पिंचरे को सुरक्षित कब्जे में ले लिया है। मौके पर मौजूद वन दरोगा ने अखिलेश कुमार ने बताया कि मेडिकल परीक्षण के बाद उसे जंगल में छोड़ दिया जाएगा।
दक्षिण रेंज के नगर पंचायत निघासन के वार्ड, नानकनगर गोविंदपूरी,इंद्रपूरी सहित ग्राम लालपुर,बैलहा बरोठा सहित आसपास के इलाके में पिछले दो महीने से तेंदुए की आवाजाही बनी हुई थी, जिससे स्थानीय लोगों और किसानों में भारी भय व्याप्त था।
शाम ढलते ही लोग घरों से निकलने में कतराते थे और किसान अपने खेतों की रखवाली के लिए समूह में जाने को मजबूर थे। ग्रामीणों की लगातार शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए वन विभाग ने तेंदुए की मूवमेंट वाले इलाकों में निगरानी बढ़ा दी थी और पिंजरा लगाया था। मोहल्ले के दक्षिण दिशा मे बलदेव गौतम के खेत मे तकरीबन दस दिनों से लगे पिंचरे
मे मंगलवार सुबह शिकार के लालच में जैसे ही तेंदुआ दाखिल हुआ, उसका दरवाजा बंद हो गया। सुबह जब ग्रामीणों ने तेंदुए को पिंजरे में बंद देखा तो क्षेत्र में खबर आग की तरह फैल गई और मौके पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जमा हो गई।
सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने स्थिति को संभाला और तेंदुए को अपने संरक्षण में लिया। मौके पर मौजूद वन दरोगा ने बताया कि पार्क से निकल कर आबादी मे भटक रहे जंगली जानवरो मे से अब तक 14 तेंदुओं को पकड़ा जा चुका है। विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे अभी भी सतर्कता बरतें और किसी भी जंगली जानवर की सूचना तुरंत वन कर्मियों को दें।
