यूपी में गन्ना उत्पादन बढ़ाने की पहल, किसानों को उन्नत बीज और दवा पर मिलेगी सब्सिडी
लखीमपुर खीरी में गन्ने का उत्पादन बढ़ाने की तैयारी तेज हो गई है, जिसमें किसानों को उन्नत बीज और दवाओं ...और पढ़ें

HighLights
किसानों को उन्नत प्रजातियों के प्रमाणित बीज उपलब्ध कराए जाएंगे।
कीट-रोग नियंत्रण दवाओं पर 10-25% तक अनुदान मिलेगा।
रेड रॉट से बचाव हेतु ट्राइकोडर्मा निःशुल्क दिया जाएगा।
जागरण संवाददाता, लखीमपुर। चीनी के बढ़े मूल्य से गन्ना खेती को मिल रहे बेहतर बाजार संकेतों के बीच जिले में गन्ना उत्पादन बढ़ाने की तैयारियां तेज हो गई हैं।
किसानों को समय पर भुगतान से लेकर उन्नत प्रजातियों के बीज, कीट-रोग नियंत्रण की दवाओं और रेड राट से बचाव तक के लिए सहूलियत देने की तैयारी है। जिले की छह चीनी मिलें किसानों को समय से गन्ना मूल्य भुगतान कर रही हैं, जिससे अगली फसल में गन्ने का रकबा और उत्पादकता बढ़ाने की उम्मीद है।
गन्ना विकास को गति देने के लिए रिसर्च स्टेशन से प्राप्त उन्नतशील प्रजातियों के प्रमाणित बीज उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है। किसानों को बीज मूल्य के साथ यातायात व्यय में भी अनुदान दिया जाएगा। इसका उद्देश्य किसानों को पुरानी और कम उत्पादक प्रजातियों से हटाकर बेहतर उत्पादन देने वाली उन्नत किस्मों की ओर ले जाना है।
फसल को कीट और रोगों से बचाने के लिए अनुशंसित कृषि दवाओं पर भी 10 से 25 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। इससे किसानों की लागत घटेगी और फसल की सुरक्षा बेहतर होगी। खासकर गन्ने में लगने वाले रेड रॉट रोग की रोकथाम को प्राथमिकता दी गई है। इसके लिए किसानों को ट्राइकोडर्मा निःशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा।
दरअसल, गन्ने की उत्पादकता बनने के लिए केवल क्षेत्रफल बढ़ाना ही पर्याप्त नहीं है। स्वस्थ पौध, प्रमाणित बीज, संतुलित पोषण और समय से कीट-रोग नियंत्रण पर जोर देकर प्रति हेक्टेयर उत्पादन बढ़ाने की रणनीति बनाई जा रही है। जिले में गन्ने का बड़ा रकबा होने के कारण छोटी-छोटी उत्पादकता वृद्धि भी किसानों की आय पर बड़ा असर डाल सकती है।
चीनी के मूल्य में बढ़ोतरी से बाजार में आई मजबूती ने भी गन्ना क्षेत्र के लिए उम्मीद बढ़ाई है। ऐसे में समय पर भुगतान और खेती की लागत में अनुदान किसानों को गन्ने की फसल में निवेश बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित कर सकते हैं। विभाग की तैयारी है कि आगामी गन्ना सीजन में किसान बेहतर प्रजातियों और वैज्ञानिक तकनीक के साथ उत्पादन बढ़ाएं।
