लखीमपुर खीरी में मगरमच्छ ने बेटे के सामने किसान को जौराहा नदी में खींचा, तलाश जारी
Lakhimpur News: जौराहा नदी में भैंसों को पानी पिलाने गए किसान पर मगरमच्छ ने हमला कर दिया। मगरमच्छ किसान को पकड़कर नदी के गहरे पानी में खींच ले गया।

पुलिस की टीम गोताखोरों की मदद से तलाश में जुटी
HighLights
भैंसों को नहर में पानी पिलाने गया था किसान
बेटे के सामने गहरे पानी में ले गया मगरमच्छ
गोताखोरों की मदद से सर्च ऑपरेशन
संवाद सूत्र, लखीमपुर। उत्तर खीरी वन प्रभाग की बेलरायां रेंज में बुधवार सुबह जौराहा नदी में भैंसों को पानी पिलाने गए किसान पर मगरमच्छ ने हमला कर दिया। मगरमच्छ किसान को पकड़कर नदी के गहरे पानी में खींच ले गया। घटना के बाद से किसान का कोई पता नहीं चल सका है। वन विभाग और पुलिस की टीम गोताखोरों की मदद से उसकी तलाश में जुटी है।
बेलरायां रेंज के मांझा गांव के किसान रमेश सिंह (54) बुधवार सुबह अपनी भैंसों को पानी पिलाने के लिए जौराहा नदी के किनारे पहुंचे थे। बताया जाता है कि इसी दौरान पानी में छिपे मगरमच्छ ने अचानक उन पर हमला कर दिया। किसान कुछ समझ पाते, इससे पहले ही मगरमच्छ ने उन्हें पकड़ लिया और नदी के गहरे पानी की ओर खींच ले गया।
पास में मौजूद किसान के बेटे ने पिता को मगरमच्छ के खींचे जाते देखा तो शोर मचाकर मदद के लिए ग्रामीणों को बुलाया। उसकी चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक मगरमच्छ पानी में ओझल हो चुका था। ग्रामीणों ने काफी देर तक नदी के आसपास तलाश की, लेकिन किसान का कोई सुराग नहीं मिला।
घटना की सूचना मिलते ही बेलरायां रेंजर भूपेंद्र चौधरी और सिंगाही प्रभारी निरीक्षक दिलीप चौबे पुलिस एवं वन विभाग की टीम के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों से घटना की जानकारी ली और गोताखोरों को बुलाकर नदी में सर्च ऑपरेशन शुरू कराया। नदी में संभावित स्थानों पर लगातार तलाश की जा रही है।
ग्रामीणों में दहशत
मगरमच्छ के हमले की घटना के बाद मांझा और आसपास के गांवों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि जौराहा नदी में मगरमच्छों की मौजूदगी पहले भी देखी गई है। इसके बावजूद लोग पशुओं को पानी पिलाने और अन्य कामों के लिए नदी किनारे जाने को मजबूर होते हैं।
वन विभाग ने ग्रामीणों को नदी के आसपास जाने से बचने की सलाह दी है। विशेष रूप से पशुओं को पानी पिलाने के लिए नदी में उतरने से सख्ती से मना किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि किसान की तलाश पूरी होने तक सर्च अभियान जारी रहेगा।
