लखीमपुर : प्रथम स्वतंत्रता आंदोलन के महानायक राजा लोने ¨सह की गढ़ी पर गुरुवार को स्थानीय लोगों, शिक्षक व उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए हुए प्रशिक्षु शिक्षकों ने अपनी राष्ट्रीय ऐतिहासिक धरोहर को जानने व उसे सरंक्षित करने के जज्बे के साथ एक शैक्षणिक भ्रमण व विशाल जनसभा का आयोजन किया।

1857 की क्रांति की 185वीं वर्षगांठ पर आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता स्थनीय राजा लोने ¨सह विद्यालय के संस्थापक बलबीर ¨सह ने की। मुख्य अतिथि कस्ता विधानसभा के विधायक सुनील कुमार लाला रहे व कार्यक्रम का निर्देशन कृष्ण कुमार मिश्र ने किया। कार्यक्रम में विधायक सुनील कुमार लाला ने स्थानीय कमेटी बनाकर पुरातात्विक महत्व के स्थल राजा लोने ¨सह की गढ़ी को सरंक्षित करने की बात कही तथा देश की इस महत्त्व पूर्ण धरोहर को संजोने में अपना हर संभव योगदान देने का आश्वासन दिया। बलबीर ¨सह ने क्रांति के महानायक राजा लोने ¨सह के बलिदान की गौरवशाली गाथा से जनमानस को परिचित कराया और साथ ही कहा कि गढ़ी परिसर में वृक्ष रोपे जाएं। उन्होंने इसके लिए 50 ट्री-गार्ड देने की बात कही। इसी संदर्भ में मितौली विकास क्षेत्र के प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष होमेश्वर पांडेय ने 21 ट्री-गार्ड देने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम के निदेशक कृष्ण कुमार मिश्र, मैनहन ने राजा लोने ¨सह की बेगम हजरात महल के साथ आजादी की लड़ाई के किस्सों से सभी को परिचित कराया और कहा की देश की पुरातात्विक धरोहरों को संजोना हम सभी का संवैधानिक कर्तव्य है। विधायक सुनील कुमार भार्गव, बलबीर ¨सह, कृष्ण कुमार मिश्र, शिव सेवक पांडेय, नितिन पांडेय, मितौली युवा व्यापार मंडल अध्यक्ष अमित गुप्ता और सभी शिक्षकों ने सैकड़ों वर्ष पुराने शिव मंदिर में पूजा अर्चना की। मितौली गढ़ी पर स्थित मजार पर विधायक सुनील कुमार लाला, बलबीर ¨सह कृष्ण कुमार मिश्र ने चादर चढ़ाई और सांप्रादायिक सौहार्द की यह मिसाल जहां दो धर्म स्थल मौजूद हैं उनके विकास की बात कही। कार्यक्रम में अध्यापक ब्रजकिशोर शुक्ल, रमेश चंद्र मिश्र, राजेंद्र कटियार, संतोष भार्गव, प्रशांत पांडेय, राजेश पांडेय मौजूद रहे,