कुशीनगर :

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किया गया स्वच्छ भारत अभियान नि:संदेह प्रशंसनीय है। हमारे गुरू जी द्वारा यह अभियान तो सन् 2006 से ही चलाया जा रहा है, जिसमें भारत के अतिरिक्त विश्व के कई देशों के लोग शामिल हैं। कत्थक व क्लासिकल नृत्य का भविष्य उज्ज्वल है, किंतु इसमें महारथ कठिन श्रम और साधना से ही हासिल किया जा सकता है।

यह बातें सुप्रसिद्ध कत्थक नृत्यांगना एवं राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की सुपुत्री शर्मिष्ठा मुखर्जी ने कही। वे शनिवार की देर रात बौद्ध गुरू ग्यालवांग द्रुपका एवं एक निजी चैनल स्वच्छ गंगा, स्वच्छ भारत अभियान एवं इको पदयात्रा के क्रम में स्थानीय लीलावती स्टेडियम में नृत्य प्रस्तुत करने के पूर्व पत्रकारों से बातचीत कर रही थीं। एक सवाल के जवाब में शर्मिष्ठा ने कहा कि राजनीति में आई गंदगी और गिरावट तभी दूर होगी, जब इसमें ईमानदार छवि के लोग सक्रिय होंगे। राजनैतिक दलों में दो तरह के लोग हैं। एक अपना निजी स्वार्थ सिद्ध करने वाले और दूसरे राष्ट्र व समाज की सेवा करने वाले। ऐसे लोग सभी दलों में हैं। आगे कहा कि दलों की विचारधाराएं भले ही अलग हों किंतु देश हित में सबको मिलकर काम करना होगा। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण कर चुकीं सुश्री मुखर्जी ने कहा कि कांग्रेस एक पुरानी और बड़ी पार्टी है। मैं कला के साथ-साथ राजनीति में भी आई हूं और दिल्ली चुनाव में प्रचार करूंगी। उतार-चढ़ाव तो शाश्वत नियम है। कांग्रेस के भी अच्छे दिन आएंगे। इसमें तनिक संदेह नहीं। समाज और देश सुधार के लिए संवेदनशील लोगों को राजनीति में आगे आना चाहिए।