कासगंज में क्राइम कंट्रोल, 865 हिस्ट्रीशीटर और 4362 अपराधियों की डिजिटल कुंडली तैयार
कासगंज पुलिस ने अपराध नियंत्रण के लिए 865 हिस्ट्रीशीटरों और 4,362 अन्य अपराधियों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया है। पुलिस ...और पढ़ें

कासगंज एसपी ओपी सिंह।
जागरण संवाददाता, कासगंज। जिले में अपराधियों पर शिकंजा कसने और कानून व्यवस्था मजबूत करने के लिए पुलिस ने निगरानी व्यवस्था सख्त कर दी है। पुलिस अएधीक्षक ओम प्रकाश सिंह ने अपराधियों को चेतावनी देते हुए कहा कि वे अपराध करना छोड़ दें, अन्यथा उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी और उनका ठिकाना जेल होगा।
पुलिस ने जिले के 865 हिस्ट्रीशीटरों और 4,362 अपराधियों का डिजिटल रिकार्ड तैयार किया है। पुलिस अधीक्षक ओपी सिंह ने बताया कि डीजीपी के निर्देशों के अनुपालन में अपराधियों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ‘अक्षय ऐप’ का इस्तेमाल किया जा रहा है। इसके माध्यम से अपराधियों का विवरण और आपराधिक इतिहास डिजिटल रूप में दर्ज किया गया है। पुलिस अपराधियों की निगरानी और आवश्यक सत्यापन कर रही है।
डिजिटल रिकार्ड से होगी निगरानी
जिले में दर्ज 865 हिस्ट्रीशीटरों की गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही है। इसके अलावा 4,362 अपराधियों का डिजिटल डाटाबेस तैयार किया गया है। पुलिस संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी जुटाने के साथ ही संबंधित व्यक्तियों का सत्यापन भी कर रही है। एसपी के मुताबिक, कुछ चिह्नित अपराधियों के वायस सैंपल भी पुलिस के पास उपलब्ध हैं, जिनका आवश्यकता के अनुसार इस्तेमाल किया जा सकता है।
बीट पुलिसकर्मियों की तय होगी जिम्मेदारी
एसपी ओम प्रकाश सिंह ने स्पष्ट किया कि अपराधियों की निगरानी में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। संबंधित क्षेत्र के बीट पुलिसकर्मियों और अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की गई है, ताकि अपराधियों की गतिविधियों की नियमित जानकारी मिलती रहे।
यदि कोई व्यक्ति आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त पाया जाता है तो उसके खिलाफ साक्ष्यों और कानून के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।पुलिस का कहना है कि डिजिटल निगरानी और नियमित सत्यापन से अपराध नियंत्रण में मदद मिलेगी। साथ ही अपराधियों की गतिविधियों पर नजर रखकर जिले में कानून व्यवस्था बनाए रखने के प्रयास किए जा रहे हैं।
