कासगंज, संवाद सहयोगी : जिले में बुखार का प्रकोप थम नहीं रहा है। तीन डेंगू पीड़ित सहित 42 बुखार के रोगी मिले हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीमें बुखार प्रभावित ग्रामों में पहुंचकर रोगियों का परीक्षण कर उपचार कर रही हैं। गुरुवार को बुखार से पटियाली के अशोकपुर में दो महिलाओं सहित अमांपुर के रोजगार सेवक की मौत हो गई। जिले में बुखार से मरने वालों की संख्या 85 हो गई है।

डेढ माह से जिले में बुखार कहर बरपा रहा है। अब तक डेंगू एवं बुखार से 85 लोगों की मौत हो चुकी है। सैकड़ों लोग बुखार से पीड़ित हैं इनमे डेंगू के रोगी भी शामिल हैं। बढ़ारी बैस बुखार का हाट स्पाट बना हुआ है। ढोलना में भी दर्जनों बुखार पीड़ित हैं। बुखार की रोकथाम को स्वास्थ्य विभाग के सारे प्रयास विफल हो रहे हैं। गुरुवार को पटियाली के गांव अशोकपुर निवासी 50 वर्षीय रामदेवी पत्नी ओमकार एवं 40 वर्षीय मछला देवी पत्नी मान सिंह की बुखार से मौत हो गई। दोनो पांच दिन से बुखार से पीड़ित थीं। वहीं, अमांपुर की ग्राम पंचायत जखा पर तैनात रोजगार सेवक प्रदीप की बुधवार को डेंगू से मौत हो गई। डेंगू के तीन रोगी सहित बुखार के 42 रोगी मिले हैं। बुखार की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा किए जा रहे प्रयास सफल होते दिखाई नहीं दे रहे हैं। जिला अस्पताल का डेंगू वार्ड बुखार रोगियों से भरा हुआ है।निजी अस्पताल एवं क्लीनिकों पर रोगियों की भीड़ लगी है। डेंगू बुखार के दर्जनों लोग बड़े शहरों में उपचार करा रहे हैं। आंकड़ों की नजर में।

- अब तक मिले बुखार के रोगी : 2489

- अबतक मिले डेंगू के लक्षण बाले रोगी : 2198

- अब तक मिले डेगूं के रोगी : 147

- अब तक कराई गई आरटीडीटी एनएस वन जांच : 2193

- अबतक मिले मलेरिया के रोगी : 20 जिले में बुखार की रोकथाम के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। बुखार प्रभावित गांवों में टीमें लोगों का उपचार कर रही हैं। डेंगू मलेरिया के लक्षण वाले रोगियों की जांच की जा रही है। अभी तक बुखार से कोई मौत नहीं हुई है।

- डा. अनिल कुमार, सीएमओ

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