यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 03, 2018 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
बुखार से एक और युवक की मौत
जागरण संवाददाता,कानपुर देहात: जनपद में बुखार व मलेरिया का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रह

जागरण संवाददाता,कानपुर देहात: जनपद में बुखार व मलेरिया का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। बुधवार को बुखार पीड़ित मकरंदापुर गांव के एक युवक की मौत हो गई। इसके सहित जिले में ब़ुखार की चपेट में आकर तीन माह में मरने वालों की संख्या बढ़कर 22 हो गई है।
जिले में मलेरिया, वायरल बुखार व डायरिया का प्रकोप लगातार बढ़ रहा है। नए गांव बीमारी की चपेट में आ रहे हैं। सरकारी अस्पतालों में बुखार पीड़ितों के रक्त परीक्षण में तीन माह में 330 मरीजों के मलेरिया से पीड़ित होने की पुष्टि हुई। इनमें से 243 मरीज प्लाज मोडियम वाइवेक्स (पीवी) व दो मरीज फैल्सीपेरम(पीएफ) से पीड़ित पाए गए। इसके अलावा जीएसवीएम मेडिकल कालेज में परीक्षण में 7 बुखार पीड़ित डेंगू से पीडित मिल चुके हैं। इसके अलावा बुखार से मौतों का सिलसिला भी जारी है। बुधवार को मलासा ब्लाक के मकरंदापुर गांव निवासी नफीस के बुखार पीड़ित पुत्र सलमान (20) की मौत हो गई। बेटे की मौत से मां नाजारा बेहाल हो गई। जबकि बहन शहनाज व परिजन बिलख उठे। रोने बिलखने के बाद परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया। डिप्टी सीएमओ व संक्रामक रोग प्रभारी डा.एपी वर्मा ने बताया कि मलेरिया पीड़ित मरीजों का उपचार कराने के साथ छिड़काव भी कराया जा चुका है। जिला व ब्लाक स्तर पर गठित रैपिड रिस्पांस टीमें बीमारी प्रभावित गांवों में जाकर मरीजों का इलाज कर रही हैं। बीमारी से बताई जा रही मौतों की सत्यापन रिपोर्ट ब्लाकों से तलब की गई है।
