कानपुर, जेएनएन। कानपुर में सीओ समेत आठ पुलिस जवानों की हत्या के मामले में मध्यप्रदेश उज्जैन से गिरफ्तार किए गए मोस्टवांटेड विकास दुबे का भरा पूरा परिवार है, उसकी पत्नी, दो बेटे, माता-पिता और छोटा भाई भी है लेकिन जरायम की गहरी जड़े बना चुके विकास से परिवार के सभी लोग लंबे अर्से से दूर अलग रह रहे हैं। विकास चौबेपुर के बिकरू गांव में बने पैतृक मकान में अकेला रहता था, उसके पास सिर्फ बीमार वृद्ध पिता रह रहे थे। पिता की सेवा के लिए विकास ने अपने एक सहयोगी और उसकी पत्नी को लगा रखा था। उसकी पत्नी और बच्चे साथ नहीं रह रहे थे।

पांच संतानों में दो बहनों से छोटा विकास

पिता रामकुमार दुबे की पांच संतानों में विकास दो बहनों से छोटा है। विकास के एक भाई अविनाश दुबे की वर्ष 2002 में गोवा गार्डन के मकान में हत्या कर दी गई थी, जबकि सबसे छोटे भाई दीपू दुबे तकरीबन दस वर्षों से गांव छोड़कर लखनऊ के गोमतीनगर स्थित फ्लैट में परिवार के साथ रहता है, उसी के पास मां सरला देवी भी रहती हैं। विकास की पत्नी ऋचा दुबे भी इंटर की पढ़ाई कर रहे छोटे बेटे के साथ गोमतीनगर के मकान में रह रही थी, जो घटना के बाद से बेटे को लेकर कहीं चली गई है। गांव में विकास अपने चचेरे भाइयों के साथ मिलकर जरायम की जड़ें मजबूत करता रहा।

ऋचा को भगाकर लाने के बाद किया विवाह

विकास दुबे के आपराधिक इतिहास के पन्नों के बीच एक प्रेम कहानी की भी इबारत दर्ज है। विकास दुबे को कानपुर के शास्त्री नगर में रहने वाली बुआ के घर के पड़ोस में रह रहे एयर फोर्स कर्मी एसपी निगम की बेटी ऋचा से प्यार हो गया था और उसे भगाकर ले जाने के बाद प्रेम विवाह कर लिया था। शहडोल में रहने वाली भाभी पुष्पा ने बताया कि ऋचा को घर वाले सोनू के नाम से पुकारते थे। विकास कानपुर में बुआ के घर पढऩे के लिए रहने आया तभी से अपराध की दुनिया में कदम रख चुका था। वर्ष 1997 में विकास दुबे ने ऋचा से विवाह कर लिया था। घर वालों के विरोध पर ऋचा पिता व भाई के पास लौट गई थी लेकिन बाद में दबाव के चलते फिर वह विकास के साथ रहने लगी थी।

इंग्लैंड में मेडिकल की पढ़ाई कर रहा बड़ा बेटा

मोस्टवांटेड अपराधी बसपा के समर्थन से जिला पंचायत सदस्य रहे विकास दुबे की पत्नी ऋचा दुबे जिला पंचायत सदस्य है। उसके दो बेटे हैं, बड़ा बेटा लंदन (इंग्लैंड) में मेडिकल की पढ़ाई कर रहा है और छोटा बेटा लखनऊ के निजी स्कूल में इंटरमीडिएट की पढ़ाई कर रहा है। ऋचा छोटे बेटे के साथ लखनऊ के मकान में रह रही थी। ऋचा की गैरहाजिरी में विकास ही उसके नाम पर जिला पंचायत सदस्य पद के कार्यों को क्रियान्वित करता था।

भाई और बहनोई की हो चुकी है हत्या

मोस्टवांटेड विकास दुबे ने गांव में रहने वाले परिवार को भी जरायम की दुनिया में उतार रखा था। वर्ष 2000 एक में कल्याणपुर के गोवा गार्डन रहने वाले विकास दुबे के भाई अविनाश की हत्या कर दी गई थी, हालांकि इस मामले में हत्यारों का खुलासा नहीं हो सका था। विकास दुबे के बहनोई रामपुर सखरेज निवासी कमलेश तिवारी के खिलाफ भी हत्या व हत्या के प्रयास के 3 मुकदमे दर्ज थे और सात साल पहले रंजिश के चलते गांव में ही उनकी हत्या कर दी गई थी। बहनोई की हत्या के बाद विकास दुबे ने भांजों को अपने साथ रख लिया था।

Posted By: Abhishek Agnihotri

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