कानपुर, जेएनएन। कहते हैं कि अगर शिद्दत से किसी चीज को पाने का प्रयास किया जाए तो सफलता कदम चूम ही लेती है। यह कहावत लाल बंगला निवासी जागृति गर्ग पर सटीक बैठती है। उन्होंने संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की भारतीय सांख्यिकी सेवा की परीक्षा में अखिल भारतीय स्तर पर दूसरा स्थान प्राप्त करके शहर का नाम रोशन किया है। इससे पहले वह दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) की टापर छात्र छात्राओं की सूची में अपना नाम दर्ज करा चुकी हैं।

दिल्ली विवि से सांख्यिकी विषय के साथ स्नातक आनर्स की परीक्षा में उन्होंने 93.7 फीसद अंक प्राप्त किए थे। विश्वविद्यालय के टाप-5 छात्र छात्राओं में उनका नाम था। स्नातक प्रथम वर्ष से ही उन्होंने यूपीएससी की तैयारी शुरू कर दी थी। सांख्यिकी विषय से पढ़ाई करने के चलते उन्होंने इसी विषय को चुना। इसी विषय के साथ एमएससी में उन्होंने 86.5 फीसद अंक प्राप्त किए।

वह बताती हैं कि डेटा के बिना सरकारी नीतियों की कल्पना नहीं की जा सकती। नीतियां बनाने से लेकर उसके लागू होने की रिपोर्ट डेटा पर आधारित होती है। कृषि, मौसम, जनसंख्या, रोजगार व शोध हर क्षेत्र में सांख्यिकी का इस्तेमाल किया जाता है। उनकी ख्वाहिश सांख्यिकी के क्षेत्र में नए प्रयोग करके देश के विकास में उसका इस्तेमाल करने की है। उनके पिता ज्योति गर्ग व्यवसायी व मां नीतू गर्ग गृहणी हैं। उनका छोटा भाई संस्कार गर्ग बीटेक अंतिम वर्ष का छात्र है।

Edited By: Abhishek Agnihotri