कन्नौज, जेएनएन। मुकदमा खत्म करने के बदले महिला से 50 हजार रुपये रिश्वत मांगने का वीडियो वायरल होने के बाद आरोपित दारोगा रामबदन को निलंबित कर दिया गया है। मामले की जांच सीओ तिर्वा को दी गई। हालांकि, दैनिक जागरण ऐसे किसी वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है।   

कोतवाली क्षेत्र के ग्राम कुंवरपुर जनू निवासी धनंजय सिंह ने कानपुर रेंज के आइजी मोहित अग्रवाल से शिकायत की थी। उसमें कहा था कि गांव के कुछ लोग सड़क पर अवैध ढंग से कब्जा कर रहे थे। इसकी कोतवाली में शिकायत की थी। आरोप है कि पुलिस ने आरोपितों पर कार्रवाई के बजाय उनके पिता, दोनों भाइयों और चाचा को ही हिरासत में लेकर मुकदमा दर्ज कर दिया था। इस बीच चौकी इंचार्ज ने अवैध निर्माण भी पूरा करवा दिया। कोतवाली प्रभारी ने स्वजन को छोडऩे के एवज में 50 हजार रुपये की मांग की। आरोप है चौकी प्रभारी रामबदन ने मुकदमा खत्म करने के एवज में फिर से रिश्वत मांगी। बुआ नीलम थाने पर गईं तो दारोगा ने रिश्वत मांगी, बोला कि जो तुमने पैसे दिए थे वो कोतवाली प्रभारी ने ले लिए। मुझे क्या मिला। इस पर उसके चाचा श्यामवीर ने दारोगा को 10 हजार रुपये दिए। इसका वीडियो उसकी बुआ ने बना लिया। वीडियो अब इंटरनेट मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें दारोगा रकम लेते हुए दिख रहा है। एसपी प्रशांत वर्मा ने बताया कि दारोगा रामबदन को निलंबित कर जांच तिर्वा सीओ दीपक दुबे को दी गई है।