कानपुर, जेएनएन। अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) के माली नवीन कुमार के संपर्क में अलीगढ़ के दो और युवक भी हैं। ये युवक भी पहले हिंदू थे, जिन्होंने अब मतांतरण कर लिया है। एटीएस इनके बारे में भी जानकारी जुटा रही है।

नवीन कुमार का नाम कानपुर के आदित्य गुप्ता से बातचीत में सामने आया था। एटीएस ने गुरुवार को नवीन कुमार को हिरासत में लेकर पूछताछ भी की। नवीन कुमार के बारे में कुछ नई जानकारियां भी सामने आई हैं। आदित्य के मुताबिक पहली बार YUTUBE के जरिए नवीन से उसका सपंर्क हुआ, बाद में वीडियो चैटिंग में साइन लैंग्वेज से उससे बातचीत होनी लगी। नवीन ने उसे एएमयू में नौकरी दिलाने के बहाने अलीगढ़ बुलाया। वह दस दिनों तक वहां रहा, मगर उसे नौकरी नहीं मिली। आदित्य के मुताबिक नवीन का मतांतरण हो चुका है, लेकिन दस्तावेज में अभी उसने अपना मत नहीं बदला है। उसके पास उस दौरान दो मूक बधिर युवा और आए थे, जो हिंदू से मुस्लिम हो चुके हैं। वे अलीगढ़ के ही रहने वाले हैं, मगर उसे उनके नाम नहीं पता है। एटीएस सूत्रों के मुताबिक, नवीन से पूछताछ की जा रही है, लेकिन उसके संपर्क में रहने वाले उक्त दोनों युवकों के बारे में अभी कोई सटीक जानकारी नहीं मिली है।

सात हजार रुपये लेकर उमर ने बदलवाया था मत : मतांतरण प्रकरण में गिरफ्तार किए गए उमर ने कानुपर के आदित्य से भी मुलाकात की थी। आदित्य ने जब YUTUBE पर अपने साथियों से मतांतरण की इच्छा जाहिर की तो 11 जनवरी 2021 को पहली बार मोबाइल पर वीडियो चैटिंग के माध्यम से उमर की मुलाकात हुई। उमर साइन लैंंग्वेज नहीं जानता है। मध्यस्थ के जरिए उसने उसे दिल्ली आने को कहा। 12 जनवरी को वह दिल्ली पहुंच गया। वह गुरुग्राम के अपने मूक बधिर साथी मन्नू यादव के साथ इस्लामिक दवाह सेंटर पहुंचा। उमर ने उससे मतांतरण के लिए सात हजार रुपये मांगे। उसके पास पैसे नहीं थे। ऐसे में मन्नू ने उसके भी पैसे दिए।

तीन दिन पहले हुई थी मन्नू से बातचीत : गुरुग्राम निवासी मन्नू यादव को एटीएस अब तक तलाश रही है। वह अभी भी अपने साथियों के संपर्क में है। मन्नू ने तीन दिन पहले रात में फोन पर वीडियो कालिंग के जरिए आदित्य से बात की थी और बताया था कि वह दिल्ली का रहने वाला है। 

Edited By: Akash Dwivedi