जागरण संवाददाता, कानपुर: विकास नगर स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया एलेन फारेस्ट कार्यशाला में सोमवार को प्रदेश के परिवहन मंत्री स्वतंत्र देव सिंह के अचानक निरीक्षण करने पहुंचने से कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। निरीक्षण में 18 कर्मचारी अनुपस्थित मिले। जिनमें 15 छुंट्टी लेकर गए थे, जबकि तीन बिना सूचना के गायब थे। तीनों कर्मियों के खिलाफ जीएम से लिखित स्पष्टीकरण के साथ ही प्रतिकूल प्रविष्टि के निर्देश दिए गए हैं।

निरीक्षण के दौरान परिवहन मंत्री ने कार्यशाला में नई बसों के निर्माण की गुणवत्ता, ड्राइविंग सीट, सीट बेल्ट, फ‌र्स्ट एड बॉक्स, बस के अंदर यात्रियों के मूवमेंट का स्थान, आपात खिड़की, इमरजेंसी दरवाजा, महिला, दिव्यांग, सासद, विधायक सीट पर नेमप्लेट आदि की जांच की। इस दौरान परिवहन मंत्री ने जहां कर्मियों की समस्याएं सुनी, वहीं दूसरी ओर ओवरलोड वाहन मिलने पर संभागीय परिवहन अधिकारियों (प्रवर्तन) को जमकर फटकार लगाई। साथ ही साफ शब्दों में दोबारा हालात देखने पर सख्त कार्रवाई की बात कही। दिसंबर तक भगवा रंग की 500 बसों का निर्माण

परिवहन मंत्री ने बताया कि लोगों के हितों का ध्यान रखते हुए जल्द ही केंद्रीय कार्यशाला और डॉ. राम मनोहर लोहिया कार्यशाला को 500 चेसिस दी जाएंगी। दोनों कार्यशालाओं को 25-25 चेसिस दी जा चुकी हैं। इसी साल दिसंबर तक भगवा रंग की 500 बसों का निर्माण पूरा करने का लक्ष्य दिया गया है। बता दें कि इससे पहले कार्यशाला में पं. दीन दयाल उपाध्याय योजना के तहत अंत्योदय सेवा शुरू की गई थी। जिसके प्रथम चरण में भगवा रंग की 50 बसें बनी थीं। कैंसर पीड़ित की मदद करें

कर्मियों की समस्या सुनने के दौरान एक कर्मी के बारे में बताया गया कि वह तीन माह से कैंसर से पीड़ित है। इसपर मंत्री ने पीड़ित कर्मचारी की हरसंभव मदद करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष सुरेंद्र मैथानी, विधायक अभिजीत सिंह सागा, दीप अवस्थी भी उनके साथ रहे।

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