कानपुर, जेएनएन। Tension in Kanpur बर्रा में धार्मिक स्थल को लेकर बजरंगदल कार्यकर्ताओं ने हंगामा किया। बजरंगदल कार्यकर्ताओं का आरोप है कि यहां दूसरे वर्ग के लोगों और अराजक तत्वों का जमावड़ा लगता है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शांत कराने का प्रयास किया तो झड़प हुई। बाद में पुलिस ने समझाकर मामला शांत कराया। 

बर्रा थाने के बगल में ही एक धार्मिकस्थल है। धार्मिक स्थल परिसर में ही एक समाधि बनी है। जहां लोग झाडफ़ूंक कराने आते हैं। बजरंग दल दक्षिण जिला संयोजक दिलीप सिंह कार्यकर्ताओं के साथ पहुंचे और समाधि हटाने को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। जिला संयोजक दक्षिण ने बताया कि काफी समय से शिकायत मिल रही थी। यहां दूसरे वर्ग और अराजकतत्वों का जमावड़ा लगता है। सूचना पर पुलिस पहुंची और समझाकर शांत कराने का प्रयास किया तो झड़प हो गई। सूचना पर थाने की फोर्स पहुंची और धार्मिक स्थल की देखरेख करने वाले परिवार को बुलाकर कार्यकर्ताओं के सामने पूछताछ की। पुलिस ने बताया कि स्व. बैजनाथ कुशवाहा के पूर्वजों ने एक कच्ची समाधि बनाई थी। जिसका उद्देश्य चढ़ावा लेकर झाड़फूंक करने का था। यहां दूसरे वर्ग के लोग नहीं आते हैं। वर्ष 2002 में बैजनाथ के बेटे रामबाबू कुशवाहा और उनके भाइयों ने उसे पक्का बनवा दिया था। लोग यहां आकर साफ सफाई करने के साथ चादर चढ़ाते थे। कुछ लोग इसे सैयद बाबा की मजार भी कहते हैं। एसीपी गोविंद नगर विकास कुमार पांडेय ने बताया कि दूसरे वर्ग के लोगों को वहां आना-जाना नहीं है। धार्मिक स्थल की देखरेख करने वाला परिवार के लोगों ने ही समाधि बनवाई थी। 

Edited By: Shaswat Gupta