उन्नाव, जागरण संवाददाता। बेखौफ बदमाशों ने रविवार रात एक ई-रिक्शा चालक को बंधक बनाया और शहर के रामलीला मैदान ले गए। फिर वहां उसे लाठी-डंडों व चाकुओं से हमलाकर जान से मारने का प्रयास किया। शोर मचाने पर बदमाश उसे मरणासन्न हाल में छोड़कर भाग गए। उसने सूचना पीआरवी को दी तो वहां पहुंचे सिपाहियों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती करा दिया। पुलिस द्वारा सुनवाई न किए जाने पर मंगलवार रात पीडि़त ने आइजीआरएस के माध्यम से शिकायत की है। आरोप है कि इसके बाद पुलिस ने उसकी सुध तक नहीं ली है।

दही थानाक्षेत्र के आवास विकास कालोनी मुहल्ला निवासी वैभव तिवारी ने बताया कि वह और उसका दोस्त रवि कुमार ई-रिक्शा चलाता है। बीती छह नवंबर को रवि को उन्नाव बाइपास पर बाइक में रिक्शा टकराने से जमकर पीटा था। उस समय वह भी उसके साथ था तो उसने बीच-बचाव कर दिया। इस पर बदमाशों ने उसे भी जमकर पीटा और हाथ की अंगुली तोड़ दी थी। पिटाई में दोस्त गंभीर घायल हो गया था। जिसकी शिकायत उसने थाने में की थी। उसके द्वारा दोस्त की पैरवी करना बदमाशों को नागवार गुजरा तो उन लोगों ने उसे 27 नवंबर को उस समय रोक लिया जब वह दोस्त की दवा लेने जा रहा था। उन लोगों ने कहा कि वह पैरवी न करे नहीं तो उसके लिए ठीक नहीं होगा। उसके मना करने उन लोगों ने उसे बंधक बना लिया और उसे सदर कोतवाली अंतर्गत रामलीला मैदान ले गए। जहां उस पर लाठी-डंडों व चाकुओं से कई वार कर दिये। इसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गया। शोर मचाने पर वे लोग उसे वहीं छोड़कर भाग गए। इसके बाद उसने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया और वहां से चली गई। बताया कि इसके बाद से कोई भी पुलिस कर्मी उसकी सुध लेने नहीं पहुंचा है। कोतवाल अखिलेश पांडेय ने बताया कि अभी उनके पास कोई तहरीर नहीं आई है। तहरीर आने पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।

Edited By: Shaswat Gupta