कानपुर, जेएनएन। सरकारी तंत्र की गड़बड़ी होने से सैकड़ों को पीएम के ड्रीम प्रोजेक्ट उज्ज्वला योजना का लोग लाभ नहीं ले पा रहे हैं। खाद्य आपूर्ति विभाग द्वारा जारी किये जा रहे राशन कार्ड में यूनिटों की हेराफेरी से लोग इस योजना का लाभ नहीं उठा पा रहे हैं। हर रोज 20 शिकायतें गोविंद नगर स्थित खाद्य आपूर्ति कार्यालय में आ रही है।

आपूर्ति विभाग से जुड़े लोगों ने बताया कि परिवार के सदस्यों के हिसाब से कार्ड बनता है। इसमें सभी आधार कार्ड लगते हैं। उन्होंने बताया कि सदस्यों के नाम को किसी दूसरे नाम में जोड़ दिया जाता है। इस वजह से कोटेदार की दुकान में मूल कार्डधारक द्वारा अंगूठा लगाते ही उसके परिवार के सदस्य का राशन दूसरे कोटेदार की दुकान से निकल जाता है। चूंकि कोटेदार की मशीन में अंगूठा लगाते ही उसके परिवार के सदस्यों ने नाम व कितना राशन मिलना है, सब डिटेल आ जाती है। ऐसे में कोटेदार को फायदा हो जाता है।

उज्जवला योजना में जरूरी है सभी सदस्यों के नाम: उज्ज्वला योजना के तहत आवेदक को कार्ड में जुड़े सभी सदस्यों के आधार देने होते हैं। इसके बाद ही आवेदन किया का सकता है।

Edited By: Shaswat Gupta