कानपुर, जागरण संवाददाता। गंगा किनारे कटरी क्षेत्र के इलाकों में तेंदुआ की तलाश पांच दिन में भी पूरी नहीं हो पाई है। वन विभाग की आठ सदस्यीय टीम रात और भोर पहर में सुदीनपुरवा व बनियापुरवा गांव के बाहरी जंगल वाले हिस्से में तलाश कर रही है। बनियापुरवा, भगवानदीनपुरवा के गांवों के आसपास तेंदुआ द्वारा एक भी मवेशी का शिकार न करने से ग्रामीणों को आंशिक राहत मिली है। इधर, वन अधिकारियों ने तेंदुआ की लोकेशन बदलने की आशंका जाहिर की है। वन अधिकारी ने चिड़ियाघर से पिंजड़ा मंगवाकर सुदीनपुरवा गांव में रखवाया है। तेंदुआ को पिंजड़ा की तरफ लाने के लिए दो जिंदा मुर्गियां भी रखी गईं हैं। रात में होने वाली तेंदुआ की हलचल को कैमरे में कैद करने के लिए दो नाइट विजन (रात्रि दृष्टि) कैमरा लगाए गए हैं। 

प्रभागीय वन अधिकारी अरविंद यादव ने बताया कि पांच दिन से टीम बनियापुरवा, भगवानदीनपुरवा गांव के जंगलों के बाहर तेंदुआ की तलाश में जुटी है। योजनाबद्ध तरीके से अभियान चलाकर तेंदुआ के पदचिह्न सहित अन्य प्रमाण को सहेजने के प्रयास जारी है लेकिन अभी तक सफलता नहीं मिली है। आशंका है कि तेंदुआ ने लोकेशन बदल ली है, क्योंकि दो रात से तेंदुआ ने गांव के आसपास एक भी मवेशी का शिकार नहीं किया है। फिर भी लगातार ग्रामीणों से वार्ता करके संभावनाओं के आधार पर तलाश लगातार जारी है। उन्होंने बताया कि रेंजर लल्लू सिंह सहित आठ सदस्यीय टीम को पल-पल की गतिविधि पर नजर रखने के लिए कहा गया है।

Edited By: Abhishek Verma