कानपुर, जागरण संवाददाता। भारतीय जनता पार्टी में अगड़ा, पिछड़ा और दलित प्रयागराज की त्रिवेणी की तरह हैं। विपक्षी साजिश कर इन्हें अलग नहीं कर सकते। यह बात रविवार को प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने जन विश्वास यात्रा के समापन के मौके पर बिठूर में आयोजित सभा में कहा। कानपुर बुंदेलखंड क्षेत्र की यात्रा के समापन के मौके पर उन्होंने कहा कि भाजपा और सपा की सरकार का अंतर ध्यान रखना। भाजपा सरकार में जो पैसा आता है, वह खर्च होता है। वहीं ये कागज पर खर्च कर पैसा कारखाने में दबा देते हैं। अभी पता नहीं कितना पैसा निकलना बाकी है। 

19 दिसंबर को झांसी से शुरू हुई कानपुर बुंदेलखंड क्षेत्र की यात्रा में उन्होंने सपा पर हमला बोलते हुए कहा कि ये कब्रिस्तान बनाएंगे और हम डिफेंस कारिडोर में मिसाइलें बनाएंगे और पाकिस्तान में घुसकर आतंकवादियों का कब्रिस्तान बनाएंगे। उन्होंने कहा कि 2022 में 60 फीसद वोट हमारा है। सपा के लिए कुछ नहीं बचा है। अब वह 2027 की तैयारी करे। अखिलेश यादव को चुनावी हिंदू बताते हुए उन्होंने पूछा कि अगर वे बाबा काशी विश्वनाथ जाएंगे तो क्या ज्ञानवापी जाएंगे या नहीं। 

इससे पहले रविवार सुबह बर्रा से जन विश्वास यात्रा दोबारा शुरू हुई और वह किदवई नगर, महाराजपुर, छावनी विधानसभा क्षेत्र में घूमी। शाम सवा पांच बजे करीब यात्रा कटहरी बाग के पास पहुंची जहां उत्तर जिला के पदाधिकारियों ने यात्रा का नेतृत्व शुरू किया। यात्रा नरोना चौराहा, घंटाघर, बिरहाना रोड, फूलबाग, वीआइपी रोड होते हुए नवाबगंज कंपनी बाग पहुंची जहां ग्रामीण जिले के पदाधिकारियों ने यात्रा का स्वागत किया। वहां से रात आठ बजे करीब यात्रा बिठूर पहुंची। 

यात्रा के साथ प्रदेश के औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना, उच्च शिक्षा राज्यमंत्री नीलिमा कटियार, केंद्रीय एमएसएमई राज्यमंत्री भानु प्रताप वर्मा, यात्रा के क्षेत्रीय संयोजक बाबूराम निषाद, कानपुर बुंदेलखंड क्षेत्र के अध्यक्ष मानवेंद्र सिंह, यात्रा प्रभारी सत्येंद्र मिश्रा के अलावा दक्षिण जिलाध्यक्ष डा. वीना आर्या, उत्तर जिलाध्यक्ष सुनील बजाज, ग्रामीण जिलाध्यक्ष कृष्ण मुरारी, विधायक सुरेंद्र मैथानी, विधान परिषद सदस्य सलिल विश्नोई, श्रम प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक भूपेश अवस्थी, क्षेत्रीय मीडिया प्रभारी मोहित पांडेय, अनूप अवस्थी, यात्रा प्रभारी अनुपम मिश्रा, दिनेश राय, रघुनंदन सिंह भदौरिया, रवींद्र पाटनी, शिवराम सिंह, राम लखन यादव, मनीष त्रिपाठी, प्रमोद जायसवाल रहे। 

जाम में फंसी उप मुख्यमंत्री की फ्लीट

उप मुख्यमंत्री को कटहरी बाग के पास यात्रा में शामिल होना था। सवा पांच बजे करीब तक उनका इंतजार किया गया। वह नहीं पहुंचे और दूसरी ओर मुरे कंपनी पुल व आसपास की सड़कों पर बुरी तरह जाम लग गया था। इसे देखते हुए यात्रा को आगे बढ़ाया गया। यात्रा के गुजरने के बाद मुरे कंपनी पुल पर फिर जाम लग गया। इसी बीच सर्किट हाउस की तरफ से उप मुख्यमंत्री का काफिला आ गया। पुल जाम देखकर पूरी फ्लीट को कुछ क्षणों को रोका गया लेकिन फिर उसी जाम में से होते हुए फ्लीट को निकाला गया। उन्हें पुल पार कराने में कई मिनट लग गए। 

Edited By: Abhishek Verma