कानपुर, [राजीव सक्सेना]। इलाहाबाद बैंक देश में अपनी 380.73 करोड़ रुपये की 11 संपत्तियां बेचने जा रहा है। इसमें उत्तर प्रदेश की सात, महाराष्ट्र की तीन, हरियाणा की एक संपत्ति है। फिलहाल कानपुर और सोनीपत की संपत्ति खरीदने के लिए खरीदार आगे आए हैं। जल्द ही इनके लिए ऑनलाइन बिडिंग होगी। दूसरे चरण की संपत्तियों को चिह्नित करने का कार्य भी जल्द शुरू होगा।

इलाहाबाद बैंक आर्थिक स्थिति मजबूत करने के लिए अपनी संपत्तियां बेचने जा रहा है। पहले चरण में उत्तर प्रदेश में कानपुर, लखनऊ, झांसी, गोरखपुर, इलाहाबाद, सीतापुर, शाहजहांपुर, महाराष्ट्र में मुंबई की दो, नागपुर की एक और हरियाणा में सोनीपत की संपत्ति है। संपत्तियां बेचने की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश इंडस्ट्रियल कंसल्टेंट लिमिटेड (यूपिको) को दी गई है। 15 दिन में ऑनलाइन बिडिंग की प्रक्रिया शुरू होगी। कानपुर में बैंक रायपुरवा का प्लाट बेचेगा।

100 वर्ष पुरानी हैं संपत्तियां

पहले चक्र में जो संपत्तियां शामिल की गई हैं, उनमें ज्यादातर सौ वर्ष से ज्यादा पुरानी हैं। ये संपत्तियां बैंक को ब्रिटिश साम्राज्य में मिली थीं।

ये हैं संपत्तियां

कानपुर में रायपुरवा में 86/245 स्थित 418.21 वर्ग मी. का प्लाट, कीमत 2.4 करोड़ रुपये। झांसी में 92, सिविल लाइंस स्थित 17,101.92 वर्गमी. की 94.88 करोड़ की संपत्ति। गोरखपुर में सिविल लाइंस में 11,375.83 वर्ग मी. की 49.95 करोड़ रुपये की संपत्ति। इलाहाबाद में सराय मीर खान में 1,733.18 वर्ग मी. की 13 करोड़ की संपत्ति। लखनऊ के हजरतगंज में 8100 वर्ग मी. में 38.85 करोड़ की संपत्ति। सीतापुर में सिविल लाइंस स्थित 22,493.4 वर्ग मी. की 34.5 करोड़ की संपत्ति। मुंबई में एंबी वैली स्थित 30.65 करोड़ की संपत्ति। मुंबई में नॉरीमन प्वाइंट स्थित 7.85 करोड़ की संपत्ति। नागपुर में सिविल लाइंस पॉम रोड स्थित 5,969.7 वर्ग मी. की 55.2 करोड़ की संपत्ति। शाहजहांपुर में 4,775 वर्ग मी. की 13.12 करोड़ रुपये की संपत्ति। सोनीपत में 40.33 करोड़ रुपये की संपत्ति।

इनका ये है कहना

यूपिको को इलाहाबाद बैंक की संपत्तियों की बिक्री की जिम्मेदारी मिली है। पहले चरण में 11 संपत्तियों की बिक्री की जा रही है। इनकी ऑनलाइन बिडिंग की प्रक्रिया 15 दिन में शुरू कर दी जाएगी।

- प्रवीण सिंह, प्रबंध निदेशक, यूपिको 

Posted By: Abhishek