कानपुर जेएनएन। World Tourism Day 2021 यूपी की औद्योगिक नगरी जल्द ही पर्यटन के नक्शे पर अपनी धरोहरों के लिए पहचानी जाएगी। शहर में ऐतिहासिक महत्व रखने वाले स्थलों को जल्द ही पर्यटक स्थलों के रूप में विकसित करने की योजनाएं बनाई जा रही है। इससे शहर पर्यटन के नक्शे पर जल्द ही चमकने लगेगा। पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए जल्द ही रामायण थीम पार्क, अटल घाट, बोट क्लब, बाटनिकल पार्क, घाटमपुर से ऐतिहासिक महत्व वाले मंदिर और पुराने स्टेशन के साथ ग्रीनपार्क में बनने वाली विजिटर गैलरी को विकसित करने की योजना जल्द ही आएगी। हाल में बिठूर का चयन अर्थ गंगा प्रोजेक्ट व रामायण कान्क्लेव के लिए हुआ। जो पर्यटन की दृष्टि से देश-विदेश के पर्यटकों को आकर्षित करेगी। 

शहर में पर्यटकों के लिए दर्जनों योजनाएं ऐसी चल रही हैं जो धरातल पर आते ही शहर को पर्यटन के नक्शे पर अलग ही पहचान दिलाएंगी। उनमें से एक है रामायण थीम पार्क जो  मोतीझील स्थित तुलसी उपवन में जल्द ही स्वदेश दर्शन योजना के तहत शहर का पहला रामायण थीम पार्क शुरू होगा। इसमें लेजर लाइट शो के जरिए पर्यटकों को त्रेतायुग का जीवंत दर्शन कराने की योजना लगभग पूरी हो चुकी है। विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर इसकी स्क्रिप्ट का ट्रायल किया जाएगा। जिसके बाद इसको हरी झंडी मिल जाएगी। इसमें डिजिटल रामायण, वीडियो वाल के साथ तुलसीदास की रचनाएं व दोहे, रामायण के प्रमुख पात्र, श्रीराम व देवी सीता का विवाह, रामाज्ञा, संकटमोचन, जानकी मंगल, सीता हरण, वनवास, दोहावली, कवितावली, गीतावली, पार्वती मंगल, श्रीकृष्ण लीला का लाइट एंड साउंड शो के जरिए प्रसारण किया जाएगा।

अर्थ गंगा व रामायण कान्क्लेव का तोहफा: पर्यटन नगरी के रूप में बिठूर को अर्थ गंगा के साथ रामायण कान्क्लेव का तोहफा मिल चुका है। जिसके जरिए  देशभर में बिठूर की अलग पहचान हाेगी। अर्थ गंगा प्रोजेक्ट के तहत मिलने वाले सौ करोड़ रुपये की धनराशि से बिठूर का भव्य विकास और  साथ में शहर में भी पर्यटकों की संख्या में वृद्धि होगी।

दिख रहा गंगा आरती का मनमोहक दृश्य: गंगा बैराज पर पर्यटन स्थलों के विकास की प्रक्रिया पिछले वर्ष से तेज हो गई है। जल्द ही कानपुर विकास प्राधिकरण द्वारा बाटेनिकल गार्डन की भूमि पर गंगा जैव विविधता पार्क का निर्माण कराए जाने की योजना है। इसी तरह अटल घाट के पीछे 32 एकड़ में गंगा थीम पार्क की स्थापना होनी है। इस पार्क में गंगा से जुड़े इतिहास के साथ 1857 की क्रांति से जुड़ा इतिहास भी लोग जान सकेंगे। शासन द्वारा अटल घाट पर पर्यटन सुविधाएं बढ़ाने के लिए काशी व हरिद्वार की तर्ज पर गंगा आरती का आयोजन किया जा रहा है। वहीं, बोट क्लब में विभिन्न प्रकार की जल क्रीड़ा प्रतियोगिता कराने की तैयारी है।

इन स्थलों को भी किया जाएगा विकसित: पिछले दिनों मंडलायुक्त डा. राजशेखर ने घाटमपुर स्थित गुप्तकालीन और जगन्नाथ मंदिर को पर्यटक केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना बनाई थी। जिसे जल्द ही धरातल पर लाने की तैयारी की जा रही है। इसके साथ ही बिठूर स्थित लवकुश आश्रम, वाल्मीकि आश्रम और पेशवा व रानी लक्ष्मी बाई के इतिहास से पर्यटक परिचित होंगे। विश्व के प्रमुख टेस्ट सेंटर में विजिटर्स गैलरी बन जाने से पर्यटक अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम का इतिहास जान सकेंगे।

Edited By: Shaswat Gupta