कानपुर( जेएनएन)। उत्तर प्रदेश के कानपुर नगर में छावनी इलाके में पाकिस्तानी युवक पकड़ा गया है। आर्मी इटेंलीजेंस ने गुरुवार दोपहर प्रतिबंधित क्षेत्र में घूम समय इस युवक को गिरफ्तार किया है। उसके पास से मिली डायरी और हाथ पर गुदे नाम के आधार पर सिखलाई यूनिट के कैप्टन शंकर डी आरजू ने कैंट थाने में मुकदमा दर्ज कर पुलिस के हवाले कर दिया। युवक के पास से मिले दस्तावेज के चलते पुलिस व खुफिया जानकारियां जुटा रही है। 

मानसिक तौर पर स्वस्थ नहीं 

एसपी पूर्वी अनुराग आर्य ने बताया कि कैंट एरिया में बुधवार रात को आर्मी इंटेलीजेंस ने एक युवक को पकड़ा। उसके हाथ पर अहशान जफर खान द्वितीय पिता सैय्यद अहमद खान का गोदना था। आर्मी ने जब उसकी तलाशी ली तो बैग से दो डायरी व कई कागजात निकले। उसमें पूरे परिवार का ब्यौरा था। कई के नाम कोड में लिखे हुए थे, जिसमें उसके पाकिस्तान का नागरिक होने की बात सामने आई। इससे सर्तक हो जब गहनता से जांच कराई गई तो पता चला कि पकड़ा गया युवक मानसिक तौर पर स्वस्थ नहीं है। यह फर्रुखाबाद के तुर्क ललिया कायमगंज निवासी गिरीश चंद्र शाक्य का बेटा अरविंद है। वह इससे पहले भी बाघा बार्डर व फतेहगढ़ स्थित सैन्य क्षेत्र में पकड़ा जा चुका है। अपनी मां पर हमले के आरोप में जेल जा चुका है। मानसिक बीमारी के चलते आगरा में भी इलाज हुआ। युवक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। हालांकि एहतियातन उसकी हिस्ट्री पर जांच पड़ताल जारी है।  

जफर टू या अरविंद शाक्य

सूत्रों की माने तो पकड़ा गया युवक मानसिक विक्षप्त नहीं जासूसी कर रहा था, उसके तार आतंकी संगठन से भी जुड़े हो सकते है। हालांकि उस डॉयरी को कब्जे में लेकर आर्मी इंटेलीजेंस ने युवक को छावनी पुलिस के सुपुर्द कर आगे की कार्रवाई शुरु कर दी है। इससे इतर स्थानीय पुलिस की नजर में यह व्यक्ति कायमगंज के तुर्क ललइया गांव का अरविंद शाक्य है। खुद को पाकिस्तानी ब्रिग्रेडियर बताता है। यह एक बार फतेहगढ़ छावनी में संदिग्ध हालात में पकड़ा गया था। दो दिन तक पुलिस ने पूछताछ कर के छोड़ दिया था। मानसिक रूप से विक्षिप्त है। 

Posted By: Nawal Mishra