संवाद सहयोगी, तिर्वा: दो बच्चों को जन्म देने के बद महिला की हालत बिगड़ गई। स्वजन ने डाक्टर को जानकारी दी, मगर उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। हालांकि दोनों बच्चे स्वस्थ हैं।

कोतवाली क्षेत्र के वक्तौरापुर गांव निवासी विजय कुमार अपनी पत्नी रश्मि के साथ कस्बे के जवाहर नगर मोहल्ले में रहते हैं। विजय का एक वर्ष पूर्व हुआ था और सखौली गांव में ससुराल है। विजय की पत्नी रश्मि गर्भवती होने के कारण अपने मायके में चली गई थी। वहां पर प्रसव का समय पूरा होने पर शनिवार शाम को दर्द हुआ। इससे स्वजन बेहरिन के एक निजी अस्पताल में इलाज कराने के लिए पहुंच गए। वहां पर प्रसव कराया गया तो रश्मि के दो बेटों को एक साथ जन्म दिया। प्रसव के 30 मिनट बाद रश्मि की हालत बिगड़ गई और देर रात को मौत हो गई। जबकि दोनों बच्चे स्वस्थ हैं। मायके व ससुरालीजनों में आपसी समझौता होने से जानकारी पुलिस को नहीं दी गई। रविवार दोपहर को शव का अंतिम संस्कार भी कर दिया गया। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक शैलेंद्र कुमार मिश्रा ने बताया कि जानकारी है, लेकिन कोई शिकायत नहीं मिली। इससे शव का पोस्टमार्टम भी नहीं कराया गया है। दिव्यांगों ने रक्तदान कर मदद को बढ़ाएं हाथ संवाद सहयोगी, छिबरामऊ: जरूरतमंदों की मदद के लिए दिव्यांगों ने रक्तदान किया। रविवार को सौरिख तिराहा के पास रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। कन्नौज से ब्लड कलेक्शन करने के लिए डा. विभांशु चतुर्वेदी के नेतृत्व में टीम पहुंची। इसके बाद सबसे पहले भारत विकलांग सेवा संस्थान ट्रस्ट की ओर से सचिव धीरेंद्र कुमार लोधी राजपूत ने रक्तदान किया। इसके अलावा रंजीत सिंह, अमित शाक्य, कुलदीप, अभिषेक कुमार, यतेंद्र वर्मा, नवीन व मोहम्मद अबरार सहित कई लोगों ने रक्तदान किया। ट्रस्ट के सचिव दिव्यांग धीरेंद्र कुमार लोधी ने कहा कि लोगों को विषम परिस्थितियों में खून की जरूरत पड़ती है। इसके लिए लोगों को समय-समय पर रक्तदान करना चाहिए। इस दौरान रामप्रकाश शाक्य, विकास शाक्य, प्रशांत, विमलेश, गीता लोधी, सुनील व सनी राजपूत मौजूद रहे।

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