0 महाप्रबन्धक को पत्र लिखकर दी पानी बन्द करने की चेतावनी

0 1 साल से नहीं चुकाया बिल

0 1.80 करोड़ रुपए है बकाया

झाँसी : बेतवा नदी का पानी लेकर बिजली बनाने वाले पारीछा थर्मल पावर प्लाण्ट को सिंचाई विभाग ने जोर का झटका दिया है। पौने दो करोड़ की उधारी नहीं चुकाने पर सिंचाई विभाग ने पानी बन्द करने की चेतावनी दी है। यह ़कदम विभाग को इसलिए उठाना पड़ा, क्योंकि 1 साल में 8 बार पत्र लिखने के बाद भी कोई जवाब नहीं दिया।

पारीछा थर्मल पावर प्लाण्ट को संचालित करने के लिए बेतवा नदी से पानी लिया जाता है। बिजली विभाग द्वारा प्रतिदिन 25 क्यूसिक पानी लेने का अनुबन्ध सिंचाई विभाग से किया है, लेकिन पानी आवश्यकता के अनुरूप लिया जाता है। इसकी गणना बिजली उत्पादन से की जाती है। इसके अनुरूप हर माह औसतन 5 लाख रुपए पानी का बिल आता है, जिसका भुगतान पारीछा थर्मल पावर प्लाण्ट को करना होता है। पिछले 1 साल से पारीछा थर्मल प्लाण्ट ने पानी का पैसा देना बन्द कर दिया, जिससे उधारी बढ़कर 1.80 करोड़ पर पहुँच गई। सिंचाई विभाग द्वारा लगातार पत्राचार किया गया, लेकिन बिजली विभाग ने कोई जवाब नहीं दिया। 8 पत्र लिखने के बाद भी जब सिंचाई विभाग ने पानी का पैसा जमा करने की पहल नहीं की तो सिंचाई विभाग ने पानी बन्द करने की सिफारिश करने की चेतावनी दी, जिसके बाद बिजली विभाग कुछ हरकत में आया और 36 लाख रुपए जमा कर दिए, लेकिन बड़ी उधारी को लेकर बिजली विभाग ने फिर चुप्पी साध ली है। इसे गम्भीरता से लेते हुए सिंचाई विभाग ने अब सीधे-सीधे पानी बन्द करने की चेतावनी दे दी है। इसके लिए उच्चाधिकारियों से भी अनुमति ले ली गई है।

4 यूनिट पर अलग-अलग बकाया

पारीछा थर्मल पावर प्लाण्ट में 210-210 मेगावॉट की 2 तथा 250-250 मेगावॉट की 2 यूनिट स्थापित हैं। इनका संचालन पारीछा बाँध से लिए जाने वाले पानी से होता है। इस समय 210 मेगावॉट की दोनों इकाइयों पर सिंचाई विभाग का 84 लाख तथा 250 मेगावॉट की दोनों इकाइयों पर 1.31 करोड़ रुपए का बकाया है।

फोटो हाफ कॉलम

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इन्होंने कहा

'पारीछा थर्मल पावर प्लाण्ट द्वारा पारीछा बाँध से पानी लिया जाता है, जिसका हर माह बिल दिया जाता है। पानी का औसतन 5 लाख रुपए बिल बनता है, लेकिन एक साल से पारीछा थर्मल पावर प्लाण्ट द्वारा बिल का भुगतान नहीं किया जा रहा है। लगभग 1.80 लाख रुपए का बकाया हो गया है, जिसके लिए लगातार पत्र लिखे जा रहे हैं। अगर जल्द भुगतान नहीं किया गया तो पानी की आपूर्ति रोकने की सिफारिश उच्चाधिकारियों से की जाएगी, इस सम्बन्ध में प्लाण्ट प्रशासन को सूचना दे दी गई है।'

0 उमेश कुमार

अधिशासी अभियन्ता, बेतवा प्रखण्ड

फाइल : राजेश शर्मा

Edited By: Jagran