संवाद सूत्र, आटा : ग्रामीण अंचलों के लोग चिल्लर को लेकर काफी परेशान हैं। प्रतिदिन दुकानदार और आम लोगों के बीच विवाद की स्थिति पैदा हो रही है। दुकानदार पहले से झोले में रखे सिक्के दिखाकर लोगों को सामान देने से मना कर देते हैं। दुकानदारों का आरोप है कि बड़े व्यापारी व बैंक के कर्मचारी चिल्लर लेने से मना कर रहे हैं।

हालत यह है कि जिस दुकानदार के पास लोग चिल्लर लेकर पहुंचते हैं तो दुकानदार सामान देने में आनाकानी करता है। चिल्लर नहीं लेने की शिकायत करने के डर से ग्राहक को दुकानदार सामान नहीं होने का बहाना बनाकर किनारा कर रहे हैं। यह समस्या सभी के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। ग्रामीण नवीन पांडेय निवासी इटौरा, रुचिर शुक्ला ने कहा कि बाजारों में एक, दो और पांच रुपये के सिक्कों की बढ़ती खनक से कारोबारी हलकान हैं। बाजार में इन सिक्कों की इतनी भरमार हो गई है कि खासकर छोटे और मझौले कारोबारियों को समझ में नहीं आ रहा है कि वे इनका क्या करें। हालत यह है कि तमाम कारोबारी खरीदारों को नोट के बजाए सिक्कों में ही पैसे लौटा रहे हैं। इस संबंध में एसडीएम सतीश चंद्र ने कहा कि दुकानदार यदि चिल्लर लेने से मना करता है, तो उसके खिलाफ थाने में मुकदमा दर्ज कराएं उस पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

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