संवाद सूत्र, हाथरस : सादाबाद में साइबर अपराध की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रहीं। अब गांव बरामई के एक छात्र को ठगी का शिकार बनाया गया है। उसे टाटा सफारी कार के नाम पर नकद धनराशि का लालच देकर 15 हजार रुपये ठग लिए। वहीं एक दूसरे मामले में दो भाइयों से 17 हजार की ठगी का मामला प्रकाश में आया है। तीनों पीड़ितों ने पुलिस से शिकायत की है।

गांव बरामई निवासी सूरजमल पुत्र रामभरोसी आइटीआइ का छात्र है। सूरज के अनुसार उसके फोन पर एक एसएमएस आया। संदेश पढ़ने के बाद फोन भी आया। फोन करने वाले ने बताया कि वोडाफोन की तरफ से आपको कंपनी के एक अच्छे ग्राहक के रूप में मानकर लकी ड्रॉ में शामिल किया था, जिसमें आपने पहला पुरस्कार जीता है। इस पुरस्कार में आपको टाटा सफारी कार या नकद राशि दी जाएगी। आपको यह लाभ तभी होगा तब आप 56 सौ रुपए जमा करेंगे। पीड़ित ने बताया कि वह लालच में आ गया और उक्त व्यक्ति की ओर से दिए गए बैंक के खाते नंबर पर 56 सौ रुपये जमा कर दिए। इसके बाद उसी व्यक्ति ने पुन: कॉल की और बताया नौ हजार रुपये और जमा करा दीजिए। उसने उक्त राशि भी जमा करा दी। इसके बाद तीसरी बार भी उसने रुपए जमा कराने को काल आई तो शक हुआ और अपने साथ धोखाधड़ी होने का उसे आभास हुआ। उक्त शातिर उससे 14 हजार 600 रुपये धोखाधड़ी से जमा करा चुके हैं तथा तरह-तरह के प्रलोभन देकर मुझसे रुपए हड़पने का षड्यंत्र कर रहे हैं तथा धमकी दे रहे हैं। यदि आपने रुपए नहीं जमा किए तो आपके पुरस्कार नहीं दिया जाएगा। कोतवाली प्रभारी को बताया कि यह लोग अभी भी उसे लगातार फोन कर रहे हैं।

वहीं दूसरे मामले में गांव नगला मांधाता निवासी राहुल पुत्र जयपाल ने शिकायत में कहा कि उसके व उसके भाई विक्रम को वाट्सएप पर मैसेज आया। इसके बाद कॉल भी आई। कॉल करने वाले ने प्राप्त संदेश को आगे भेजने के लिए कहा। उसने कहा कि इस एवज में उन्हें रुपये मिलेंगे। राहुल व विक्रम झांसे में आ गए तथा उन्होंने मैसेज को आगे भेजना शुरू कर दिया। इसके बाद फिर से फोन आया तथा फोन करने वाले ने रुपये डालने के लिए ओटीपी पूछा। दोनों भाइयों ने फोन पर आया ओटीपी बता दिया। कुछ ही देर में राहुल के खाते से 10 हजार व विक्रम के खाते से सात हजार रुपये पार हो गए।

कोतवाली प्रभारी जगदीश चंद्र ने बताया कि वह इन मामले की जांच कराएंगे तथा उनकी कोशिश होगी कि इस तरह के फ्रॉड करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई हो।