युवाओं के बिजनेस आइडिया को मिलेगी नई उड़ान, हापुड़ में 20 नए स्टार्टअप्स को 6 माह तक तराशेगा इन्क्यूबेशन सेंटर
हापुड़ में 'हापुड़ के हुनरबाज' कार्यक्रम शुरू हुआ है, जिसके तहत 20 उद्यमियों को छह माह का प्रशिक्षण, मेंटरिंग और बाजार से जुड़ने में सहयोग मिलेगा।
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‘हापुड़ के हुनरबाज’ कार्यक्रम शुरू किया गया। AI जनरेटेड
HighLights
'हापुड़ के हुनरबाज' कार्यक्रम स्थानीय प्रतिभाओं और छोटे कारोबारों को बढ़ावा देगा।
चयनित 20 उद्यमियों को छह माह का गहन प्रशिक्षण और मेंटरिंग मिलेगी।
उद्यमियों को ब्रांडिंग, बाजार से जोड़ने और बैंक ऋण में सहायता मिलेगी।
जागरण संवाददाता, हापुड़। हापुड़ जिले के युवाओं के हुनर और छोटे कारोबार को नई पहचान दिलाने की पहल शुरू हो गई है।
मुख्य विकास अधिकारी कार्यालय और कनेक्टिंग ड्रीम्स फाउंडेशन की ओर से ‘हापुड़ के हुनरबाज’ कार्यक्रम शुरू किया गया है।
इसके तहत जिले के 20 उद्यमियों का चयन कर उन्हें छह माह तक प्रशिक्षण, मेंटरिंग, ब्रांडिंग और बाजार से जोड़ने में सहयोग दिया जाएगा। आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इच्छुक उद्यमी 25 अक्टूबर तक आवेदन कर सकते हैं।
ये कर सकते हैं आवदेन
यह कार्यक्रम ‘हापुड़ कलेक्टिव’ के तहत चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य जिले में मौजूद स्थानीय हुनर और छोटे कारोबार को मजबूत कर टिकाऊ उद्यम के रूप में विकसित करना है। 18 से 40 वर्ष आयु के हापुड़ निवासी आवेदन कर सकते हैं।
व्यवसाय का विचार रखने वाले, नमूना तैयार कर चुके, छोटे स्तर पर बिक्री शुरू करने वाले अथवा पहले से कारोबार चला रहे युवाओं को अवसर मिलेगा।
खाद्य प्रसंस्करण, हस्तशिल्प, कृषि आधारित काम, डेयरी, कपड़ा, सेवा, डिजिटल और घर से संचालित कारोबार भी कार्यक्रम में शामिल हैं। महिलाओं, स्वयं सहायता समूह के सदस्यों, कारीगरों और पारिवारिक व्यवसाय से जुड़े लोगों को प्राथमिकता दी जाएगी।
दो दिवसीय बूटकैंप से होगी शुरुआत
चयनित उद्यमियों के लिए दो दिवसीय ओरिएंटेशन बूटकैंप आयोजित होगा। इसमें प्रत्येक उद्यम की छह माह की विकास योजना तैयार की जाएगी। लागत-मुनाफे का आकलन, उद्यम एवं खाद्य सुरक्षा पंजीकरण, ब्रांडिंग, पैकेजिंग, उत्पाद की फोटो और डिजिटल कैटलाग तैयार करने में मदद मिलेगी।
उद्यमियों को खरीदारों, मेलों और बाजार से जोड़ने के साथ बैंक ऋण में भी सहयोग दिया जाएगा। प्रत्येक उद्यमी की मासिक समीक्षा मेंटर करेगा।
चयन नहीं हुआ तो भी मिलेगा मार्गदर्शन
अंतिम चयन सीडीओ की अध्यक्षता वाली जिला समिति करेगी। चयन से बाहर रहने वाले आवेदकों को ‘उद्यम क्लिनिक’ के माध्यम से व्यवसाय योजना, मुद्रा, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना जैसी योजनाओं की जानकारी व पंजीकरण में मदद दी जाएगी। अगले बैच में उन्हें प्राथमिकता भी मिलेगी।
बताया गया कि क्यूआर कोड से ऑनलाइन आवेदन के अलावा वॉट्सएप नंबर 9211866814 पर संपर्क किया जा सकता है। हापुड़, धौलाना, गढ़मुक्तेश्वर और सिंभावली ब्लाक के उद्यम क्लिनिक में भी आवेदन में सहायता मिलेगी।
